
Education Minister Dharmendra Pradhan Statement: NEET UG पेपर लीक मामले को लेकर विपक्ष मोदी सरकार पर जबरदस्त हमलावर है। पिछले कुछ दिनों से कांग्रेस सहित सभी विपक्षी दल केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफा की मांग कर रहे हैं। इसी बीच धर्मेंद्र प्रधान का बयान सामने आया है।
केंद्रीय मंत्री ने मंगलवार को कहा कि इस मामले की जांच चल रही है। सीबीआई मामले को देख रही है। हम चाहते हैं कि सीबीआई पकड़े गए दर्जनों लोगों के खिलाफ सबसे पहले सख्त कार्रवाई करें। वे उनके अपराध की गंभीरता का पता लगे। उनके खिलाफ केस दर्ज करें। कोर्ट में जल्दी सुनवाई हो। इसके साथ ही उन्होंने कहा है कि दोषियों को ऐसी सजा दे जो दूसरों के लिए मिसाल बने।
शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने मीडिया से बात करते हुए कहा है कि जिन पार्टियों के साथ हमारा समझौता हुआ था, उन्हें अपनी जिम्मेदारियां पूरी करनी थी, लेकिन उन्होंने उसे वादे को तोड़ा है। हमने एनटीए को एक मामला सौंपा है ताकि वह कानूनी पहलुओं की समीक्षा कर सकें और यह चेक तय सके कि क्या उनके खिलाफ सिविल सिविल लायबिलिटी के तहत केस दर्ज किया जा सकता है। एनटीए अभी कानूनी सलाह ले रहा है।
उन्होंने कहा कि पेपर लीक मामले को लेकर खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नजर बनाए हुए हैं। हम हुई गलतियों को सुधरेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे की परीक्षा सही ढंग से आयोजित हो।
आपको बता दे की पेपर मामले को लेकर विपक्ष पार्टियों और सामाजिक संगठन केंद्र सरकार के खिलाफ हमलावर है। इसी कड़ी में कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके के भी मांग कर रहे हैं कि शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा है कि जब तक धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा नहीं होता है उनका आंदोलन जारी रहेगा।
बता दे कि 6 मई को उन्होंने दिल्ली के जंतर मंतर पर एक विशाल विरोध प्रदर्शन का आयोजन किया था, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र और युवा शामिल हुए थे। इसके बाद उनका अगला पड़ाव महाराष्ट्र पुणे में है। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए बताया है कि 11 कई को पुणे में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया जाएगा। अपनी मांग दोहराते हुए कहा कि केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा हम लेकर रहेंगे।