
NIA Raids: नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने बुधवार को ऑनलाइन कट्टरपंथ फैलाने और आतंकवादी संगठनों ISIS और AQIS की विचारधारा को बढ़ावा देने से जुड़े एक मामले में बड़ा ऑपरेशन चलाया। NIA की टीमों ने एक साथ आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, बिहार, राजस्थान, गुजरात और दिल्ली में 20 अलग-अलग जगहों पर तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान एजेंसी ने कई डिजिटल डिवाइस जब्त किए हैं। NIA के मुताबिक, अब तक इस मामले में 11 आरोपियों और एक नाबालिग को गिरफ़्तार किया गया है।
NIA ने बुधवार को देश भर में कई जगहों पर तलाशी अभियान चलाया। यह कार्रवाई ऑनलाइन टेरर रेडिकलाइज़ेशन (आतंकवादी विचारधारा की ओर झुकाव) के एक मामले में की गई। इसका मकसद ISIS और AQIS जैसे आतंकवादी संगठनों की विचारधारा को बढ़ावा देकर और लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई सरकार के खिलाफ हिंसक जिहाद छेड़कर भारत में इस्लामिक स्टेट बनाना था।
मामले RC-01/2026/NIA/VSKP की चल रही जांच के तहत, NIA की टीमों ने आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, बिहार, राजस्थान, गुजरात और दिल्ली (केंद्र शासित प्रदेश) में कुल 20 जगहों पर एक साथ तलाशी ली। आज की तलाशी में कई डिजिटल डिवाइस जब्त किए गए। रेडिकलाइज़ेशन की साजिश के बारे में और सुराग पाने के लिए इनकी फोरेंसिक जांच की जाएगी।
इस मामले में अब तक ग्यारह आरोपियों और एक नाबालिग को गिरफ्तार किया गया है। NIA ने इस मामले को इस साल मई में विजयवाड़ा पुलिस से अपने हाथ में लिया था। विजयवाड़ा (आंध्र प्रदेश) पुलिस ने मार्च में मुख्य आरोपी रहमतुल्लाह शरीफ मोहम्मद के घर तलाशी के बाद यह मामला दर्ज किया था। तलाशी के दौरान प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों AQIS (अल-कायदा इन द इंडियन सबकॉन्टिनेंट) और ISIS (इस्लामिक स्टेट) से जुड़ी आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई थी।
एजेंसी ने पाया है कि गिरफ्तार आरोपी और उनके साथी हिंसक जिहादी कंटेंट और गलत जानकारी के जरिए देश भर के आसानी से प्रभावित होने वाले युवाओं को कट्टरपंथी विचारधारा की ओर मोड़ रहे थे। आरोपी जिहादी विचारधारा का प्रचार करने और भारत-विरोधी साज़िश को बढ़ावा देने के लिए अपने विदेशी हैंडलर्स के साथ ऑनलाइन संपर्क में भी थे।