
Pappu Yadav CM House Gherao: पेपर लीक, बेरोजगारी और सिवान और पटना में छात्र प्रदर्शनों के दौरान पुलिस की कार्रवाई से नाराज हजारों छात्रों ने मंगलवार को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के लिए एक विशाल विरोध मार्च निकाला। छात्रों को रोकने के लिए पुलिस ने इनकम टैक्स गोलंबर पर वॉटर कैनन तैनात किए और बैरिकेड्स लगाए। इसके बावजूद विरोध प्रदर्शन जारी रहा, जिससे छात्रों और पुलिस के बीच झड़प भी हुई। इस प्रदर्शन का नेतृत्व निर्दलीय सांसद पप्पू यादव, बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम और NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने किया। हंगामे के बीच सांसद पप्पू यादव ने केंद्र और राज्य सरकार पर निशाना साधा और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग की।
पटना की सड़कों पर छात्रों की भारी भीड़ विरोध-प्रदर्शन के लिए उतरी। जब छात्र मुख्यमंत्री आवास की ओर बढ़ने लगे, तो पुलिस प्रशासन ने उनका रास्ता रोकने के लिए इनकम टैक्स गोलंबर पर भारी बैरिकेडिंग कर दी। तनाव बढ़ने पर पुलिस ने प्रदर्शनकारी छात्रों पर वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया। बल प्रयोग के बावजूद छात्र पीछे हटने को तैयार नहीं हुए, वे बैरिकेडिंग के पास डटे रहे और सरकार विरोधी नारे लगाते रहे।
मार्च के दौरान सांसद पप्पू यादव ने बिहार सरकार और पुलिस प्रशासन के प्रति अपना गुस्सा जाहिर किया। उन्होंने आरोप लगाया कि अपने अधिकारों और न्याय की मांग कर रहे छात्रों को जेल भेजा जा रहा है और पुलिस प्रदर्शनकारियों के घरों पर जाकर उन्हें डरा-धमका रही है।
पप्पू यादव ने कहा, "बच्चों पर खुलेआम ज़ुल्म ढहाया जा रहा है, उन्हें जेल भेजा जा रहा है। हमारी बेटियों को प्रताड़ित किया जा रहा है और पुलिस तंत्र प्रदर्शनकारी छात्रों के घर जाकर उनके परिवारों को धमका रहा है। जब युवाओं और देश का भविष्य कही जाने वाली बेटियों को न्याय मांगने पर लाठियां मिलती हैं, तो ऐसी सरकार को सत्ता में रहने का कोई हक नहीं है। हम अमित शाह का इस्तीफा मांग रहे हैं, फिर अमित शाह जी इस्तीफा क्यों नहीं दे रहे?"
NEET उम्मीदवारों की समस्याओं और सिवान की घटना का जिक्र करते हुए पप्पू यादव ने कहा कि छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकारों को दबाने के खिलाफ पूरा देश एकजुट हो रहा है। सांसद पप्पू यादव ने कहा कि सरकार के बदलाव या इस्तीफे की मांग को लेकर आज विनोद जाखड़ और NSUI के नेतृत्व में एक बड़ी लड़ाई शुरू हो गई है। उन्होंने कहा कि देश के हर युवा और छात्र के लिए इस लड़ाई की अगुवाई विपक्ष के नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी कर रहे हैं। यह लड़ाई तब तक जारी रहेगी जब तक गृह मंत्री अमित शाह इस्तीफा नहीं दे देते।
पप्पू यादव ने चेतावनी दी कि इस आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर ले जाया जाएगा और छात्रों को दबाने की हर कोशिश सरकार के पतन को और तेज़ करेगी। उन्होंने अल्टीमेटम देते हुए कहा कि अगर छात्रों पर दर्ज मामले वापस नहीं लिए गए और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई, तो सरकार को गंभीर नतीजों का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने ऐलान किया कि अब यह एक निर्णायक लड़ाई होगी। सड़क से लेकर सदन तक और पटना से लेकर दिल्ली तक अब महाभारत होगा।