Phalodi Satta Bazar Prediction: दिल्ली की 70 विधानसभा सीटों के लिए 5 फरवरी को मतदान होगा और 8 फरवरी को नतीजे घोषित किए जाएंगे। इसी बीच फलौदी सट्टा बाजार ने एक चुनाव नतीजों पर चौकाने वाला खुलासा किया है।
Phalodi Satta Bazar Prediction: दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 में सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी (AAP), भारतीय जनता पार्टी (BJP) और कांग्रेस (Congress) के बीच त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिल रहा है। दिल्ली में एक ओर 27 सालों के अंतराल के बाद सत्ता हासिल करने के लिए BJP मजबूत प्रयास कर रही है। वहीं दूसरी ओर कांग्रेस के सामने राज्य में अपना अस्तित्व बचाने का प्रेशर है। बता दें कि दिल्ली विधानसभा चुनाव 2020 और 2015 में कांग्रेस अपना खाता भी नहीं खोल पाई थी। अगर बात AAP पार्टी की करें तो वह लगातार तीसरा कार्यकाल पाने की कोशिश में है। दिल्ली में लगातार तीसरी बार जीत दर्ज करने का लक्ष्य लेकर चल रही AAP ने 2020 में 70 में से 62 सीटें जीती थीं। बता दें किदिल्ली की 70 विधानसभा सीटों के लिए 5 फरवरी को मतदान होगा और 8 फरवरी को नतीजे घोषित किए जाएंगे। इसी बीच फलौदी सट्टा बाजार ने एक चुनाव परिणाम को लेकर चौकाने वाला खुलासा किया है। आइए जानते हैं क्या कहता है फलौदी सट्टा बाजार अनुमान-
भारतीय जनता पार्टी (BJP): दिल्ली में भाजपा ने आखिरी बार 1993 में शासन किया था। इस बार के इलक्शन में BJP बहुमत हासिल करने और AAP को सत्ता से हटाने के लिए बेकरार है। बता दें कि भारतीय जनता पार्टी ने 2020 के चुनावों में 8 सीटें और 2015 के चुनावों में 3 सीटें हासिल की थीं। दिल्ली चुनाव 2025 में भाजपा के प्रमुख उम्मीदवारों में प्रवेश वर्मा (नई दिल्ली सीट) और रमेश बिधूड़ी (कालकाजी सीट) शामिल हैं। फलोदी के पूर्वानुमानों के अनुसार, BJP को 70 सदस्यीय विधानसभा में 25-35 सीटें मिल सकती हैं। हालांकि ये संख्या पिछले दो चुनावों के मुकाबले बहुत बड़ी छलांग है। लेकिन बात अगर बहुमत के लिए करें तो फलौदी की भविष्यवाणी सही साबित होने पर BJP 36 से पीछे रह जाएगी।
कांग्रेस (Congress): दिल्ली की राजनीति में 1952 से 2013 तक हावी रहने वाली कांग्रेस पार्टी पिछले दो चुनावों अपना खाता भी नहीं खोल पाई। इस बार चुनाव में कांग्रेस के प्रमुख उम्मीदवारों में पूर्व सीएम शीला दीक्षित के बेटे संदीप दीक्षित नई दिल्ली सीट से और अलका लांबा कालकाजी सीट से के नाम शामिल हैं। हालांकि इस बार के चुनाव में फलोदी सट्टा बाजार के अनुमान से पता चलता है कांग्रेस पार्टी की किस्मत में कोई खास बदलाव नहीं होगा। देश के मशहूश सट्टा बाजार ने कांग्रेस को केवल 3 सीटें मिलने का अनुमान लगाया है।
आम आदमी पार्टी (AAP): दिल्ली में AAP लगातार तीसरी बार सत्ता में आने का प्रयास कर रही है। पार्टी की ओर से दिल्ली की जनता के लिए लोक-लुभावन वादे भी किए जा रहे हैं। AAP के नाम पिछले दो चुनाव 2015 में 67 सीटें और 2020 में 62 सीटें जीतने का शानदार रिकॉर्ड है। हालांकि, इस बार अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व में AAP को लगातार तीसरी बार सरकार बनाने के लिए कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ रहा है। बात अगर फलौदी सट्टा बाजार के पूर्वानुमानों की करें तो दिल्ली में AAP सत्ता में वापसी करती दिख रही है। सट्टा बाजार के अनुमानों के अनुसार, AAP को 37 से 39 सीटें मिल सकती हैं। इसका मतलब है कि पार्टी की सीटों में पिछले चुनाव के मुकाबले कमी आएगी।
हरियाणा चुनाव 2024: फलौदी सट्टा बाजार 90 सीटों वाली हरियाणा विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को 56 से 58 सीटें और भाजपा 24 से 26 सीटें ही दे रहा था। हालांकि, चुनावी नतीजों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने हरियाणा में लगातार तीसरी बार जीत हासिल की है। यहां पार्टी के खाते में 48 सीटें आईं जबकि कांग्रेस को 37 सीटें मिलीं। साथ ही इंडियन नेशनल लोकदल (INLD) को 2 सीट और निर्दलीय के खाते में 3 सीटों पर जीत हासिल हुई। ऐसे में जाहिर है कि हरियाणा चुनाव 2024 में फलोदी सट्टा बाजार का अनुमान गलत साबित हुआ।
महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024: महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में 288 विधानसभा सीटों पर फलोदी सट्टा बाजार ने महाराष्ट्र में महायुति (NDA) की सरकार बनने का अनुमान जताया था। महायुति गठबंधन को 143-146 सीटें मिलने का दावा किया और बीजेपी को अकेले 90-93 सीटें मिलने का अनुमान लगाया था। हालांकि, यहां भी सट्टा बाजार का अनुमान काम नहीं आया। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में महायुति गठबंधन ने बड़ी जीत हासिल की। BJP ने 125 सीटें, शिवसेना (एकनाथ शिंदे गुट) ने 57 सीटें और अजित पवार की NCP ने 41 सीटों पर जीत दर्ज की है।
झारखंड विधानसभा चुनाव 2024: झारखंड चुनाव में फलोदी सट्टा बाजार ने BJP गठबंधन की सरकार बनाने का दावा किया था। 81 सीटों वाले राज्य में NDA को 44-46 सीटें मिलने का अनुमान जताया था। हालांकि, चुनाव परिणाम में I.N.D.I.A. गठबंधन ने 56 सीटें और BJP गठबंधन को 24 सीटें मिली हैं। सबसे ज्यादा 34 सीटें झामुमो को मिली हैं। मतलब साफ है कि यहां भी सट्टा बाजार की भविष्यवाणी गलत साबित हुई। अब देखना रोचक होगा कि दिल्ली विधानसभा चुनाव में फलोदी सट्टा बाजार की भविष्यवाणी कितनी सटीक बैठती है।