
Kunwar Vijay Pratap Singh Resignation: पंजाब की राजनीति में आम आदमी पार्टी के लिए मुश्किलें बढ़ गई हैं। तीन बड़े नेताओं ने पार्टी छोड़कर बीजेपी का दामन थाम लिया, और दिल्ली के बीजेपी मुख्यालय के बाहर 'बीजेपी जिंदाबाद' के नारे गूंजे। खासकर अमृतसर नॉर्थ से विधायक कुनवर विजय प्रताप सिंह का इस्तीफा सबसे बड़ी खबर बन गया है।
2027 के विधानसभा चुनाव से पहले, आम आदमी पार्टी को लगातार झटके लगे। हरमीत सिंह पठानमाजरा, चेतन सिंह जौड़ामाजरा और कुनवर विजय प्रताप सिंह अब बीजेपी के साथ खड़े हैं। सोमवार को दिल्ली में इन नेताओं की मौजूदगी और समर्थन ने प्रदेश की सियासत में हलचल मचा दी। इनकी घर वापसी ने चुनाव की तैयारियों और पार्टियों की रणनीति पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं।
न्यूज एजेंसी ANI की ओर से साझा किए गए वीडियो में AAP के बागी नेता दिल्ली स्थित बीजेपी मुख्यालय के बाहर पार्टी के समर्थन में नारेबाजी करते दिखाई दिए। तीनों नेताओं के बीजेपी में शामिल होने की प्रक्रिया सोमवार को आगे बढ़ी। इस घटनाक्रम में हरमीत सिंह पठानमाजरा और चेतन सिंह जौड़ामाजरा के साथ पूर्व आईपीएस अधिकारी कुंवर विजय प्रताप सिंह भी शामिल हैं।
अमृतसर नॉर्थ से विधायक रहे कुंवर विजय प्रताप सिंह ने 2 नवंबर को पंजाब विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा देने की जानकारी दी। सोशल मीडिया पर अमृतसर की जनता का शुक्रिया अदा किया। वैसे, 2022 के चुनाव से पहले ही वे आम आदमी पार्टी में शामिल हुए थे, लेकिन 2025 में पार्टी ने उन्हें सस्पेंड कर दिया था। अब उनके इस्तीफे से पार्टी छोड़ने वाले विधायकों का आंकड़ा तीन हो गया।
हरमीत सिंह पठानमाजरा (सनौर) और चेतन सिंह जौड़ामाजरा (समाना) ये दोनों पहले ही रविवार को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे चुके थे। जौड़ामाजरा भगवंत मान सरकार में मंत्री भी रह चुके हैं, लेकिन 2024 में हुए कैबिनेट फेरबदल में उनका पद चला गया।
इस राजनीतिक घटनाक्रम की एक अहम कड़ी AAP की 40 उम्मीदवारों की पहली सूची है, जिसे पार्टी ने 2027 के पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए जारी किया था। सूची आने के बाद ही दोनों विधायकों ने पार्टी छोड़ने का ऐलान किया। सनौर में रंजोध हडाना और समाना में पूर्व अकाली नेता सुरजीत सिंह रखड़ा को विधानसभा क्षेत्र का प्रभारी बनाया गया था। इन नियुक्तियों को मौजूदा विधायकों के चुनावी भविष्य से जोड़कर देखा जा रहा था। हालांकि, पार्टी ने इन दोनों सीटों पर उम्मीदवारों की आधिकारिक घोषणा नहीं की थी।