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Rahul Gandhi Idiots Remark: संसद में ‘इडियट्स’ और ‘अंधभक्त’ पर बवाल: राहुल गांधी के बयान पर बिफरे किरेन रिजिजू, लोकसभा में भारी हंगामा

Kiren Rijiju vs Rahul Gandhi: संसद के मानसून सत्र के दौरान लोकसभा में उस समय माहौल गर्मा गया जब विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने एक छात्र के साथ बातचीत का हवाला देते हुए कुछ आपत्तिजनक शब्दों का जिक्र कर दिया। इस पर सत्ता पक्ष ने कड़ा एतराज जताया और संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सदन में गरिमा और असंसदीय भाषा को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी।
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Updated: 29 Jul 2026, 1:49 PM IST
Rahul Gandhi Parliament Speech
Rahul Gandhi's 'Idiots' Remark : लोकसभा में राहुल गांधी की ‘इडियट्स’ टिप्पणी पर हंगामा, रिजिजू ने उठाया असंसदीय शब्दों का मुद्दा (फोटो सोर्स: ANI)

Parliament Monsoon Session 2026: लोकसभा में मानसून सत्र के दौरान पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) संशोधन विधेयक 2026 पर चर्चा के बीच अचानक माहौल तनावपूर्ण हो गया। सदन में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी जब अपनी बात रख रहे थे, तो उन्होंने एक 18 वर्षीय छात्रा के साथ हुई अपनी बातचीत का अनुभव साझा किया।

राहुल गांधी ने कहा कि छात्रा ने उनसे बातचीत के दौरान समाज के लोगों को तीन श्रेणियों 'पढ़ने वाले छात्र', 'इडियट्स (Idiots)' और 'अंधभक्त' में बांटा था।

जैसे ही राहुल गांधी ने इन शब्दों का इस्तेमाल किया, सत्ताधारी राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के सांसदों ने जोरदार हंगामा शुरू कर दिया।

रिजिजू का तीखा पलटवार: "सदन की मर्यादा से खिलवाड़ न करें"

संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने राहुल गांधी के भाषण के बीच हस्तक्षेप करते हुए उनके द्वारा प्रयुक्त शब्दों पर सख्त आपत्ति जताई। रिजिजू ने राहुल गांधी को टोकते हुए कहा कि देश की सबसे बड़ी पंचायत में 'असंसदीय शब्दों' का इस्तेमाल करना कतई स्वीकार्य नहीं है।

"सदन में भाषण का एक स्तर और मर्यादा होती है। सदन को राजनीतिक भाषणबाज़ी और आपत्तिजनक भाषा का अखाड़ा नहीं बनाया जा सकता। विपक्ष को यह समझना होगा कि वे क्या बोल रहे हैं।"

- किरेन रिजिजू, केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री

सत्ता पक्ष के सांसदों ने मांग की कि राहुल गांधी के बयान से विवादित शब्दों को तुरंत सदन की कार्यवाही से हटाया जाए

Rahul Gandhi Idiots Remark: क्या था पूरा मामला?

एंटी-पेपर लीक बिल पर बोलते हुए राहुल गांधी ने देश के युवाओं और छात्रों के संघर्ष को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि लाखों छात्र 8 से 10 घंटे पढ़ाई करते हैं, लेकिन महंगी शिक्षा और बार-बार होने वाले पेपर लीक उनकी उम्मीदों पर पानी फेर देते हैं। इसी क्रम में उन्होंने एक 18-वर्षीय छात्रा के साथ हुए संवाद का जिक्र किया।

राहुल गांधी के अनुसार, उस छात्रा ने समाज की तीन श्रेणियां बताई थीं:

छात्र (Students): जो लगातार सीखते हैं, ज्ञान हासिल करते हैं और सच को स्वीकारते हैं।

इडियट्स (Idiots): जो दूसरों की बात नहीं सुनते।

तीसरी कैटेगरी: अंधभक्त।

राहुल गांधी के इन शब्दों का इस्तेमाल करते ही सत्ता पक्ष (NDA) के सांसदों ने कड़ा ऐतराज जताया और नारेबाजी शुरू कर दी।

हंगामे के बीच लोकसभा अध्यक्ष ने स्थिति को संभालते हुए स्पष्ट किया कि नियमों के तहत जो भी शब्द असंसदीय होंगे, उन्हें सदन की कार्यवाही से हटा (Expunge) दिया जाएगा।

Rahul Gandhi Idiots Remark: "अगर आप चाहते हैं सिर्फ बीजेपी बोले, तो मैं बैठ जाता हूं"

सत्ता पक्ष के लगातार विरोध से आहत होकर राहुल गांधी ने एक समय भाषण देने से इंकार कर दिया और कहा:

"अगर आप लोग चाहते हैं कि सदन में सिर्फ बीजेपी के लोग ही बोलें, तो मैं चुपचाप बैठ जाता हूं। जब भी मैं बोलने के लिए खड़ा होता हूं, रिजिजू जी बीच में खड़े हो जाते हैं।"

राहुल गांधी ने अपनी सफाई में यह भी जोड़ा कि उन्होंने यह शब्द किसी सांसद या व्यक्ति विशेष के लिए नहीं कहा, बल्कि केवल एक छात्रा द्वारा बताई गई श्रेणियों का जिक्र कर रहे थे। उन्होंने कहा कि देश के युवाओं को दबाने की जगह उनकी भावनाओं और गुस्से को समझने की जरूरत है।

जब हंगामा शांत नहीं हुआ, तो रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मोर्चा संभाला। उन्होंने एनडीए सांसदों से अपील की कि वे नेता प्रतिपक्ष के भाषण में बाधा न डालें। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि जिन शब्दों पर आपत्ति है, उन्हें कार्यवाही से निकाल दिया जाए और राहुल गांधी को अपनी बात पूरी करने दी जाए।

Updated on:
29 Jul 2026, 1:49 PM IST
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