
Haldwani Shuddhikaran Row: उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की रैली के बाद कथित ‘शुद्धिकरण’ को लेकर सियासी विवाद बढ़ गया है। राहुल गांधी ने इस मामले को लेकर बीजेपी और आरएसएस पर निशाना साधा था। अब बीजेपी ने राहुल गांधी के बयान पर पलटवार किया है। पार्टी के नेताओं ने उन पर खरगे की दलित पहचान का राजनीतिक इस्तेमाल करने का आरोप लगाया है। राहुल गांधी ने कहा था कि 10 अगस्त को बीजेपी और आरएसएस से जुड़े लोगों ने उस जगह का कथित शुद्धिकरण किया, जहां दो दिन पहले खरगे ने रैली को संबोधित किया था। उन्होंने इसे संविधान के खिलाफ अपराध बताया था। खरगे ने भी 13 अगस्त को संसद में यह मुद्दा उठाया था।
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी पर हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस में छुआछूत की भावना गहराई से मौजूद है। उन्होंने हल्द्वानी की घटना को लेकर कहा कि उस जगह पर अनुसूचित जाति समुदाय से जुड़े बच्चों के एक समूह ने कार्यक्रम किया था। गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी पर तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस हर दिन सियार को शेर की खाल पहनाने की कोशिश करती है, लेकिन सियार आखिर सियार ही रहता है।
बीजेपी सांसद रविशंकर प्रसाद ने कहा कि राहुल गांधी के पास मुद्दे खत्म हो गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी अपनी पार्टी के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की दलित पहचान का इस्तेमाल राजनीतिक फायदे के लिए कर रहे हैं।
रविशंकर प्रसाद ने कहा कि राहुल गांधी किसी मुद्दे पर पूरी तैयारी के साथ सामने नहीं आते। उन्होंने वंदे मातरम, मनुस्मृति और छुआछूत जैसे मुद्दों का भी जिक्र किया।
दूसरी ओर, राष्ट्रीय जनता दल के सांसद मनोज झा ने हल्द्वानी की कथित घटना को गंभीर चिंता का विषय बताया। उन्होंने कहा कि वह संसद में मौजूद थे, जब खरगे ने यह मुद्दा उठाया था। मनोज झा के मुताबिक, बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने भी इस मामले पर खेद जताया था। उन्होंने कहा कि तकनीक के मामले में समाज आगे बढ़ा है, लेकिन वह अब भी मध्यकालीन सोच के प्रभाव से पूरी तरह बाहर नहीं निकल पाया है।
मनोज झा ने आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के अमेरिका में दिए हालिया बयान का भी जिक्र किया। भागवत ने न्यूयॉर्क में एक कार्यक्रम के दौरान कहा था कि अगर कोई हिंदू यह सोचता है कि भारत में मुसलमान नहीं होने चाहिए, तो वह हिंदू नहीं रहेगा। मनोज झा ने कहा कि भागवत को यह संदेश भारत में भी लागू करना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि यह बात सिर्फ अमेरिका में कहने तक सीमित नहीं रहनी चाहिए।
हल्द्वानी का कथित ‘शुद्धिकरण’ विवाद अब बीजेपी और विपक्ष के बीच राजनीतिक बहस का नया मुद्दा बन गया है। एक ओर बीजेपी राहुल गांधी के रुख को राजनीतिक मुद्दा बनाने की कोशिश बता रही है। वहीं विपक्ष इसे जातिगत भेदभाव से जोड़कर सवाल उठा रहा है।