RG Kar Rape Murder Case में पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष को जमानत दे दी गई है इसे देखते हुए तृणमूल कांग्रेस (TMC) के नेता कुणाल घोष ने शुक्रवार को केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) पर हमला बोला और पीड़िता की मां ने भी नाराजगी जताई।
RG Kar Rape Murder Case: तृणमूल कांग्रेस (TMC) के नेता कुणाल घोष ने शुक्रवार को केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) पर हमला बोला, जब पश्चिम बंगाल की एक अदालत ने कोलकाता बलात्कार और हत्या (RG Kar Rape Case) मामले में आरजी कर के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष को जमानत दे दी। घोष ने इसे सीबीआई की एक मजबूत मामला स्थापित करने में असमर्थता करार दिया और कहा कि यह "विकृत जानकारी वाला एक निराधार मामला" था।
घोष ने कहा, "कोलकाता पुलिस ने 24 घंटे के भीतर मुख्य आरोपी संजय रॉय को गिरफ्तार कर लिया। सरकार विरोधी जनता चाहती थी कि सीबीआई इस मामले को अपने हाथ में ले। अब जबकि मामला सीबीआई के पास है, हमें पता चल रहा है कि संदीप घोष और अभिजीत मंडल। यह एक निराधार मामला था जिसमें सरकार को बदनाम करने के लिए विकृत जानकारी दी गई थी।" उन्होंने कहा, सीबीआई भी मामले को स्थापित नहीं कर सकी। सीबीआई बलात्कार मामले में इन लोगों की संलिप्तता साबित नहीं कर सकी, इसलिए उन्हें जमानत दे दी गई।"
पीड़िता की मां ने कहा, "हम इस बात से बहुत निराश हैं कि CBI ने 90 दिनों में चार्जशीट नहीं दिया। CBI ने काम नहीं किया तभी उन लोगों को जमानत मिल गई। यह बहुत निराशा वाली बात है।"
आपको बता दें की भाजपा नेता अग्निमित्र पॉल ने मामले में चार्जशीट दाखिल करने में देरी के लिए सीबीआई की आलोचना की। पॉल ने जांच के तरीके को "दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक" बताया। उन्होंने कुछ सीबीआई अधिकारियों की मंशा पर भी सवाल उठाए और पीड़ित परिवार को भाजपा के अटूट समर्थन का आश्वासन दिया।
अग्निमित्र पॉल ने CBI की आलोचना करते हुए कहा, "यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण और काफी शर्मनाक है। अभया के मामले को जिस तरह से सुलझाया जा रहा है, उससे हम बेहद परेशान हैं। मुझे नहीं पता कि सीबीआई के इन कुछ अधिकारियों का क्या एजेंडा है। वे सही समय पर चार्जशीट क्यों नहीं दाखिल कर रहे हैं?"