Rohini Acharya Lalu Yadav: लालू प्रसाद यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने तेजस्वी यादव को 'ठुकरा' दिया, कहा अपमान के आरोप सही। लालू-राबड़ी ने उनका साथ दिया, तीन बहनें दिल्ली पहुंचीं।
Rohini Acharya Lalu Yadav: आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव (Rohini Acharya Lalu Yadav) की बेटी रोहिणी आचार्य ( Rohini Acharya Tejashwi) ने सनसनीखेज बयान दे कर परिवार में दरार की बात को साफ कर दिया है। उन्होंने कहा कि उन्होंने सिर्फ अपने भाई तेजस्वी यादव को ठुकराया है, लेकिन माता-पिता (Lalu Yadav Family Rift) और बहनों का पूरा साथ है। रोहिणी ने दिल्ली में रिपोर्टर्स से बातचीत में बताया कि तेजस्वी के करीबियों ने उन्हें अपमानित किया और राजनीति से बाहर धकेला। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी बात रखी और कहा, "मैंने कोई झूठ नहीं बोला।" वहीं तेजस्वी, संजय यादव, रेचल यादव और रमीज से सवाल करने की अपील की। यह बयान बिहार चुनाव के बाद परिवारिक कलह उजागर करता है।
पिछले 24 घंटे इस परिवार के लिए भावुक रहे। रोहिणी ने कहा कि माता-पिता और बहनें उनके लिए रोए। रविवार को तीन बहनें लालू के पटना घर से निकल कर दिल्ली पहुंचीं। लालू ने हमेशा उनका साथ दिया। बोलीं, "मेरे माता-पिता और बहनें मेरे साथ हैं। भाइयों को भी त्याग करना चाहिए, सिर्फ बहनों का बोझ क्यों ?" रोहिणी ने साफ किया कि सिर्फ भाई को अलग किया, परिवार बाकी एकजुट है। अब वे मुंबई ससुराल जा रही हैं, जहां सास चिंतित होकर बुला रही है। उन्होंने राजनीति से पूरी तरह विदाई ले ली।
यह परिवारिक विवाद तेज प्रताप ने भड़काया। तेजस्वी के बड़े भाई तेज प्रताप ने रोहिणी के अपमान को "बर्दाश्त से बाहर" बताया। उन्होंने "गद्दारों" को चेतावनी दी कि बदला लेंगे। तेज प्रताप ने कहा कि परिवार के अपमान करने वालों को माफ नहीं करेंगे। यह बयान RJD में फूट को उजागर करता है। रोहिणी के सोशल मीडिया पर परिवारिक सदस्यों को अनफॉलो करने से संकेत मिले थे। पार्टी नेताओं के कामकाज पर शक जताया था। बिहार चुनाव में RJD की हार ने सबको हिला दिया।
उनका कहना है कि राबड़ी देवी ने रोहिणी का साथ दिया। लालू प्रसाद ने भी बेटी का बचाव किया। रोहिणी ने कहा कि पिता ने हमेशा उनका हौसला बढ़ाया। परिवार में बहनों का त्याग देख कर बहुत दुख हुआ। तेजस्वी के करीबियों पर अपमान और साजिश का आरोप लगाया। वहीं संजय, रेचल और रमीज का नाम लिया। रोहिणी ने कहा कि मीडिया उनसे सवाल करे। यह विवाद RJD की एकजुटता पर सवाल उठाता है। पार्टी में नेतृत्व की लड़ाई तेज हो सकती है। रोहिणी मुंबई रवाना हो रही हैं।
उनका मानना है कि ससुराल में शांति मिलेगी व राजनीति से दूर रहेंगी। बिहार चुनाव के बाद यह फूट RJD के लिए झटका है। तेज प्रताप का गुस्सा भाइयों के बीच तनाव बढ़ा सकता है। जबकि लालू-राबड़ी की भूमिका अहम है। परिवारिक कलह राजनीतिक रंग ले रहा है। रोहिणी का बयान सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। लोग बहनों के त्याग पर चर्चा कर रहे हैं। राजद कार्यकर्ता चिंतित हैं कि भविष्य में पार्टी कैसे चलेगी ?