
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने गृह मंत्री अमित शाह पर जमकर निशाना साधा। आज गृह मंत्री सदन में मौजूद नहीं थे, इसको लेकर राहुल ने जबरदस्त तंज भी कसा।
उन्होंने कहा- आज मुझे यह देखकर बहुत खुशी हो रही है कि इस देश के तथाकथित गृह मंत्री में यहां आकर बैठने की हिम्मत नहीं है। मैंने उनका काफिला देखा और गृह मंत्री को कार के अंदर बैठे और कांपते हुए देखा।
राहुल ने सदन में सवाल पूछा कि गृह मंत्री आज यहां (सदन में) क्यों नहीं हैं? क्योंकि वह डरे हुए हैं। गृह मंत्री डरे हुए हैं, उन्होंने ही हमारे छात्रों पर गोली चलाने की इजाजत दी थी। उन्होंने हमारे छात्रों के शरीर में छर्रे (पेलेट्स) घुसवाए, उन्होंने ही भारत के छात्रों पर गोली चलाने का आदेश दिया था।
बता दें कि 20 जुलाई को दिल्ली के जंतर मंतर पर छात्र नीट पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। पुलिस ने उन्हें तितर-बितर करने के लिए पेलेट गन का इस्तेमाल किया। इसमें कई छात्रों को गंभीर चोटें आईं। अब इस मामले में कांग्रेस का कहना है कि यह बर्बरता है।
कांग्रेस के अलावा अन्य विपक्षी सदस्यों ने भी इस मुद्दे को उठाया। प्रियंका गांधी, डिंपल यादव और केसी वेणुगोपाल समेत कई नेताओं ने गृह मंत्री से जवाब मांगा।
राहुल ने कहा कि छात्रों पर AK-47 जैसे हथियारों का इस्तेमाल बिहार में भी हुआ, जो पूरी तरह गलत है। सरकार की तरफ से इस आरोप पर तीखी प्रतिक्रिया आई। सत्तापक्ष के सदस्यों ने सबूत मांगे और कहा कि प्रदर्शन हिंसक हो गया था। लेकिन राहुल गांधी अड़े रहे और कहा कि यह छात्रों के भविष्य का सवाल है।
राहुल गांधी ने सदन के बाहर भी गृह मंत्री को घेरा। राहुल गांधी ने कहा- वे (केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह) सदन में आए ही नहीं। वे क्यों नहीं आ रहे हैं? भारत के तथाकथित बहादुर गृह मंत्री सदन में क्यों नहीं हैं?
उन्होंने कहा- अगर गृह मंत्री ने कुछ नहीं किया है और कोई आदेश जारी नहीं किया है, तो उन्हें बस यह साफ कर देना चाहिए कि उन्होंने आदेश जारी नहीं किया था। मुख्य बात यह है कि मुझे संसद में बोलने का अधिकार है, और मुझे वह अधिकार मिलना ही चाहिए।