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‘बाबर के साथ जो खड़ा होगा उसका…’, बाबरी मस्जिद विवाद में कूदे शंकराचार्य, दे दी चेतावनी

शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने हुमांयू कबीर द्वारा बाबरी मस्जिद बनाने के ऐलान पर प्रतिक्रिया दी है। जानिए उन्होंने काशी मुथरा पर क्या कहा...
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Dec 05, 2025
शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती फोटो सोर्स 1008.Guru X अकाउंट
शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती फोटो सोर्स 1008.Guru X अकाउंट

पश्चिम बंगाल में TMC के निलंबित विधायक हुमांयू कबीर की ओर से बाबरी मस्जिद बनाने के ऐलान पर शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने चेतावनी दी है। अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि जो भी बाबर के साथ खड़ा होगा, तो उसके साथ बाबर जैसा ही सलूक किया जाएगा।

बाबर एक आक्रांता था

शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि बाबर आक्रांता था। यदि कोई उसके साथ जुड़कर अपनी पहचान बताता है तो उसको भी आक्रांता मानेंगे। उसी तरह का व्यवहार करेंगे। उन्होंने कहा कि मस्जिद बनाने से आपत्ति नहीं, लेकिन बाबर के नाम पर स्वीकार्य नहीं है। शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि मस्जिद बनाएं हमें उसमें क्या आपत्ति है, मस्जिद बनाएं और ईश्वर की अराधना अपने ढंग से करें।

काशी मुथरा को लेकर कही ये बात

शंकराचार्य यही नहीं रूके उन्होंने काशी और मुथरा पर भी बयान दिया। अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि मथुरा काशी जिनका है उनको उपलब्ध होना चाहिए। वहां पूजा अर्चना करें, विश्व कल्याण की कामना करें। विश्व में तो वह भी आते हैं जो कब्जा करके बैठे हैं। उनका भी तो कल्याण होगा।

शंकराचार्य ने कहा कि धार्मिक कारण से मंदिर नहीं तोड़े गए थे। इस्लाम कहीं नहीं कहता है कि किसी के उपासना स्थल को तोड़कर अपना उपासना स्थल बनाओ। इस्लाम में यह उचित नहीं माना गया है, लेकिन यदि ऐसा किया गया है तो वह धार्मिक नहीं राजनीतिक कारण से किया गया। हम तुमको मिटा देंगे। अपनी हनक के लिए। जो काम राजनीतिक वजहों से हुआ है। उसको धार्मिक लोग क्यों बनाकरह रखना चाहते हैं। इसका मतलब है कि उनके मन में भी अभी भी वही राजनीति बैठी हुई है।

Updated on:
05 Dec 2025 12:04 pm
Published on:
05 Dec 2025 12:04 pm