
PM Narendra Modi Sikkim Tunnel Accident: सिक्किम के नामची जिले में निर्माणाधीन टनल गिरने से कई मजदूर इसकी चपेट में आ गए। अब तक 10 लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं। कई लोगों की टनल के अंदर फंसने की भी जानकारी सामने आई है। हादसे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी गहरा दुख जताया है। उन्होंने मृतकों के परिजनों और घायलों के लिए आर्थिक सहायता का ऐलान भी किया है। वहीं, खराब मौसम और टनल में भरे पानी के बीच राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सिक्किम के नामची टनल हादसे पर शोक जताया है। उन्होंने कहा कि इस दुख की घड़ी में केंद्र सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है। प्रधानमंत्री नेशनल रिलीफ फंड (PMNRF) से प्रत्येक मृतक के परिजन को 2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। वहीं, हादसे में घायल लोगों को 50 हजार रुपये की मदद मिलेगी। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इसकी जानकारी साझा की है। पीएम मोदी ने घायलों के जल्द स्वस्थ होने की भी कामना की है।
नामची की पुलिस अधीक्षक सोनम डोलमा ने बताया कि हादसे के समय टनल के अंदर करीब 27 लोग मौजूद थे। अब तक 10 शव बरामद किए जा चुके हैं। इनमें अधिकांश की पहचान हो चुकी है, जबकि तीन शवों की पहचान की प्रक्रिया जारी है। मृतकों में पश्चिम बंगाल, उत्तराखंड, असम और सिक्किम के लोग शामिल हैं। प्रशासन परिजनों से संपर्क कर शव सौंपने की तैयारी कर रहा है। अधिकारियों का कहना है कि फंसे लोगों की सही संख्या में बदलाव हो सकता है। इसलिए बचाव अभियान पूरी सावधानी के साथ चलाया जा रहा है।
राहत और बचाव कार्य में लगातार भारी बारिश सबसे बड़ी चुनौती बनी हुई है। बारिश के कारण टनल में पानी भर गया, जिससे रेस्क्यू टीमों को काफी परेशानी हो रही है। पानी निकालने के बाद अभियान दोबारा तेज किया गया। गैस लीकेज की आशंका को देखते हुए दुर्गापुर और आसनसोल से केमिकल और गैस विशेषज्ञों की टीम बुलाई गई है। फिलहाल हादसे की वजह साफ नहीं हो सकी है। पुलिस का कहना है कि बिना विशेषज्ञों की रिपोर्ट के किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। इस बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री प्रेम सिंह तमांग से बात कर हालात की जानकारी ली और हर संभव मदद का भरोसा दिया। मौके पर NDRF, SDRF, सिक्किम पुलिस, फायर सर्विस, स्वास्थ्य विभाग और अन्य एजेंसियां मिलकर राहत और बचाव अभियान में जुटी हुई हैं।