
Sonam Wangchuk: भारत निर्वाचन आयोग (ECI) और मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार को लेकर चल रहे विवाद के बीच जाने-माने सामाजिक और पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रस्तावित देशव्यापी आंदोलन को अपना समर्थन दिया है। दिल्ली में मीडिया से बात करते हुए सोनम वांगचुक ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाना आज देश की सबसे बड़ी जरूरत है। उन्होंने कहा कि अगर चुनावी प्रक्रिया ही खराब हो जाए, तो लोकतंत्र का कुछ नहीं बचेगा।
चुनाव की निष्पक्षता पर सोनम वांगचुक ने कहा, "मैं हर उस कदम का समर्थन करता हूं जो देश की व्यवस्था में पारदर्शिता और सफाई लाए। साफ-सुथरी चुनाव प्रक्रिया आज देश की सबसे बड़ी जरूरत है। अगर वही सवालों के घेरे में आ जाए, तो फिर लोकतंत्र का क्या बचेगा? मेरा तो यह भी मानना है कि घोषणापत्रों में जो वादे किए जाते हैं, उन पर भी नेताओं की जवाबदेही तय होनी चाहिए। जैसे लद्दाख को छठी अनुसूची में शामिल करने का वादा किया गया था, उसे पूरा किया जाना चाहिए था। जब चुनाव प्रक्रिया ही शक के दायरे में आ जाती है, तो बाकी मुद्दे बेमानी हो जाते हैं।"
'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) का जिक्र करते हुए सोनम वांगचुक ने कहा कि भले ही वे हर विरोध प्रदर्शन में शारीरिक रूप से मौजूद न हों, लेकिन जब भी ऐसा कोई अभियान शुरू होता है, तो वे अपना समर्थन देते हैं। वांगचुक ने बताया कि उन्होंने जंतर-मंतर पर CJP का पूरा समर्थन किया था, जब वे कमजोर थे। लेकिन, आज उनकी आवाज मजबूत हो गई है और वे एक बड़ी ताकत बनकर उभरे हैं। सोनम वांगचुक ने भरोसा जताया कि यह कॉकरोच जनता पार्टी की आवाज पूरे देश को हिलाने और सिस्टम को जगाने के लिए काफी होगी।
CJP ने मुख्य चुनाव आयुक्त पर वोटरों के संवैधानिक अधिकारों को कमजोर करने का आरोप लगाते हुए देशव्यापी आंदोलन की चेतावनी दी है। शुक्रवार को CJP के राष्ट्रीय संयोजक अभिजीत दीपके ने कहा कि अगर ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते हैं, तो CJP 2 अक्टूबर को मुंबई से देशव्यापी विरोध प्रदर्शन शुरू करेगा। इस आंदोलन को अलग-अलग राज्यों और बड़े शहरों तक बढ़ाया जाएगा, जिसमें वोटर लिस्ट में कथित गड़बड़ियों और वोटरों के अधिकारों की सुरक्षा से जुड़ी मांगें उठाई जाएंगी। गांधी जयंती का ज़िक्र करते हुए उन्होंने लोकतंत्र बचाने की बात भी कही।