राष्ट्रीय

तमिलनाडु सरकार का बड़ा फैसला, 13.25 लाख किसानों को मिलेगा 75 हजार रुपये तक का फसल ऋण माफी लाभ

तमिलनाडु सरकार ने फसल ऋण माफी योजना के तहत पात्र किसानों को 75 हजार रुपए तक की राहत देने का फैसला किया है। इस संशोधित योजना से राज्य के करीब 13.25 लाख किसानों को लाभ मिलेगा। सरकार के इस कदम से किसानों पर कर्ज का बोझ कम होगा और उन्हें आर्थिक राहत मिलेगी।
2 min read
• •
Updated: 7 Nov 2026, 4:31 PM IST
CM Vijay
तमिलनाडु सरकार ने दिवाली पर किसानों को दिया तोहफा (Photo-IANS)

Tamil Nadu Crop Loan Waiver Scheme: तमिलनाडु सरकार ने फसल ऋण माफी योजना का दायरा बढ़ाते हुए सहकारी समितियों से ऋण लेने वाले सभी पात्र किसानों को 75 हजार रुपए तक की राहत देने का फैसला किया है। इस संशोधित योजना से राज्य के लगभग 13.25 लाख किसानों को लाभ मिलने की उम्मीद है।

सहकारिता, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा 6 नवंबर को जारी सरकारी आदेश के अनुसार, वित्त वर्ष 2026-27 में योजना के क्रियान्वयन के लिए 2,842.77 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। यह राहत उन किसानों को मिलेगी जिन्होंने 1 मई 2025 से 31 मार्च 2026 के बीच सहकारी संस्थाओं से फसल ऋण लिया था। सरकार ने इसके लिए 9062.83 करोड़ का प्रावधान किया है।
संशोधित योजना के तहत जिन किसानों का बकाया फसल ऋण 75 हजार रुपए तक है, उनका मूलधन और ब्याज सहित पूरा ऋण माफ कर दिया जाएगा। वहीं, 75,000 रुपए से अधिक ऋण लेने वाले किसानों को भी 75,000 रुपए की एकमुश्त राहत मिलेगी। हालांकि इस सीमा से ऊपर की शेष राशि का भुगतान किसानों को स्वयं करना होगा।

सरकार के आंकड़ों के अनुसार, 75,000 रुपए तक का ऋण लेने वाले 5,90,621 किसानों को पूर्ण ऋणमाफी का लाभ मिलेगा। इसके अलावा 7,34,260 ऐसे किसान हैं जिनका ऋण 75,000 रुपए से अधिक है और उन्हें भी 75,000 रुपए तक की राहत प्रदान की जाएगी। इस प्रकार कुल लाभार्थियों की संख्या करीब 13.25 लाख होगी।

किसान संगठनों के साथ हुई थी बैठक

यह निर्णय 22 अक्टूबर को किसान संगठनों के साथ हुई चर्चा के बाद लिया गया है। हालांकि किसान संगठनों की संपूर्ण फसल ऋण माफी की मांग अभी पूरी नहीं की गई है।

गौरतलब है कि राज्य सरकार ने इस वर्ष कई चरणों में ऋणमाफी योजना में बदलाव किए हैं। जून में पूर्ण ऋणमाफी की सीमा बढ़ाकर 75,000 रुपए की गई थी, जबकि इससे अधिक ऋण लेने वालों को 35,000 रुपए की राहत दी जा रही थी। अगस्त में 75,000 रुपए से 1 लाख रुपए तक के ऋणधारकों के लिए राहत राशि में और वृद्धि की गई थी।

अब सरकार ने ऋण राशि के आधार पर किया जाने वाला भेद समाप्त करते हुए 75,000 रुपए से अधिक ऋण लेने वाले सभी पात्र किसानों को समान रूप से 75,000 रुपए की राहत देने का निर्णय लिया है। राज्य सरकार का मानना है कि इससे किसानों पर कर्ज का बोझ कम होगा और कृषि गतिविधियों को प्रोत्साहन मिलेगा।

Updated on:
7 Nov 2026, 4:31 PM IST
Published on:
Also Read
View All
हॉर्मुज में तीन तेल टैंकरों में लगी भीषण आग, ईरान की अमेरिका को खुली चेतावनी, कहा- अब और जोरदार हमला करेंगे

जाति जनगणना से किसान आंदोलन तक… जयराम रमेश ने दिवाली पर PM मोदी को पुराने बयानों की दिलाई याद

कोलकाता में लिव-इन पार्टनर की हत्या, विवाद के बाद धारदार हथियार से किया हमला; प्रेमिका और उसकी मां गिरफ्तार

बाबरी मस्जिद विध्वंस पर सोनिया गांधी के बयान का उदित राज ने किया समर्थन, बोले- 25 करोड़ मुसलमानों को अलग-थलग कर कैसे होगा देश का विकास?

बेटे की हत्या के पीछे राजनीतिक साजिश का आरोप! परविंदर झोटा के पिता बोले- जब तक दोषी जेल नहीं जाएंगे, चैन से नहीं बैठेंगे