राष्ट्रीय

TVK Karur stampede: करूर भगदड़ मामले में बड़ी कार्रवाई, विजय की पार्टी के एक और प्रमुख नेता गिरफ्तार

तमिलनाडु के करूर में टीवीके पार्टी की रैली में भगदड़ के मामले में पुलिस ने एक और नेता को गिरफ्तार किया है। टीवीके के केंद्रीय नगर सचिव पोनराज को मंगलवार को अरेस्ट किया गया, जबकि एक दिन पहले पश्चिम जिला सचिव मथियाझगन को भी गिरफ्तार किया गया था। जांच जारी है।
2 min read
Sep 30, 2025
Feature image
करूर भगदड़ मामले में बड़ी कार्रवाई। (फोटो- IANS)

तमिलनाडु के करूर में तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) पार्टी की रैली में हुई भगदड़ की जांच चल रही है। इस मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। अभिनेता से राजनेता बने विजय की पार्टी 'टीवीके' के एक और प्रमुख नेता को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

करूर पुलिस ने मंगलवार को टीवीके के केंद्रीय नगर सचिव पोनराज को अरेस्ट किया है। जबकि एक दिन पहले ही पार्टी के पश्चिम जिला सचिव मथियाझगन को गिरफ्तार किया गया था।

इस वजह से हुईं गिरफ्तारियां

दोनों गिरफ्तारियां इस जांच के तहत की गई हैं कि क्या भीड़ प्रबंधन और अनुमति में चूक के कारण यह जानलेवा भगदड़ हुई। बता दें कि भगदड़ उस समय हुई जब उसी दिन नमक्कल में विजय के रोड शो के बाद वेलायुथमपलायम में उनका भाषण सुनने के लिए हजारों लोग इकट्ठा हुए थे।

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि कार्यक्रम स्थल पर भीड़ बहुत ज्यादा हो गई और कार्यक्रम के दौरान बिजली गुल होने से अफरा-तफरी मच गई। इस अफरा-तफरी में कई लोग कुचले गए, जिनमें कई महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे।

बचाव प्रयासों के बावजूद चली गई 41 लोगों की जान

पुलिस और चिकित्सा दलों के बचाव प्रयासों के बावजूद 60 से ज्यादा लोग घायल हुए और 41 लोगों की जान चली गई। करूर पुलिस ने पहले टीवीके महासचिव एन. आनंद, संयुक्त महासचिव सीटीआर निर्मल कुमार और मथियाझगन पर मामला दर्ज किया था।

शुरुआत में, डीएसपी सेल्वराज को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया था, लेकिन बाद में राज्य पुलिस मुख्यालय ने उनकी जगह अतिरिक्त एसपी प्रेमानंद को जांच का नेतृत्व सौंपा।

सीएम ने क्या कहा?

मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने इस घटना के बाद गहरा दुख व्यक्त किया। साथ ही पीड़ितों के परिवारों को पूर्ण सहायता का आश्वासन दिया। उन्होंने लोगों से अफवाहें न फैलाने का आग्रह करते हुए कहा कि यह त्रासदी असहनीय है।

हमने उच्च न्यायालय की सेवानिवृत्त न्यायाधीश अरुणा जगदीशन के नेतृत्व में न्यायिक जांच के आदेश दिए हैं और सभी पक्षों से परामर्श के बाद सार्वजनिक रैलियों के लिए सुरक्षा नियम बनाएंगे।

क्या बोले विपक्षी नेता?

वहीं, अन्नाद्रमुक महासचिव और विपक्ष के नेता एडप्पादी के. पलानीस्वामी ने द्रमुक सरकार पर बुनियादी सुरक्षा सुनिश्चित करने में विफल रहने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने भीड़भाड़ की चेतावनियों को नजरअंदाज कर दिया। जवाबदेही तय की जानी चाहिए।

उधर, टीवीके के संस्थापक विजय ने प्रत्येक शोक संतप्त परिवार के लिए 20 लाख रुपये के मुआवजे की घोषणा की. इसके साथ अपने समर्थकों से शांति बनाए रखने का आग्रह किया।

Published on:
30 Sept 2025 12:17 pm