राष्ट्रीय

केरल में बीजेपी ने इस पार्टी संग किया गठबंधन, लोकसभा के बाद क्या विधानसभा में भी खुलेगा खाता?

केरल में बीजेपी लगातार अपना कुनबा मजबूत करने में जुटी है। इसी कड़ी में पार्टी ने केरल की स्थानीय पार्टी ट्वेंटी 20 के साथ गठबंधन किया है। पढ़ें पूरी खबर...

3 min read
Jan 23, 2026
केरल में बीजेपी का गठबंधन (फोटो-ANI)

BJP in Kerala: बीजेपी ने अपना मिशन दक्षिण शुरू कर दिया है। एक ओर वह तमिलनाडु में NDA का कुनबा बढ़ाने व मजबूत करने में जुटी तो वहीं केरल में भी पार्टी अपने पांव पसार रही है। पहले लोकसभा में त्रिशूर की सीट पर जीत का पताका लहराया, फिर केरल निकाय चुनाव में भी पार्टी कई जगहों पर जीती। तिरुअनंतपुरम में पार्टी का मेयर भी बन गया है।

अब पार्टी को स्थानीय स्तर पर एक साझेदार भी मिल गया है। बीते दिनों केरल की क्षेत्रीय पार्टी ट्वेंटी20 ने बीजेपी साथ गठबंधन का ऐलान किया है। ट्वेंटी 20 के प्रमुख व किटेक्स गारमेंट्स के MD साबू एम. जैकब ने बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष राजीव चंद्रशेखर के साथ गठबंधन का ऐलान किया।

ये भी पढ़ें

नितिन नवीन को लेकर बीजेपी ने मीडिया को भेजा महत्वपूर्ण संदेश’, पर पार्टी के अंदर ही रहा कन्फ्यूज

नए अध्यक्ष के सामने है ये चुनौती

दरअसल, केरल में बीजेपी के नए अध्यक्ष नितिन नबीन के सामने चुनौती यह है कि वह निकाय चुनाव में मिली बढ़त को इतना मजबूत करें कि बीजेपी कम से कम मुख्य विपक्षी की भूमिका में तो आ ही जाए। यदि 2021 के पश्चिम बंगाल चुनाव की तरह ही बीजेपी केरल में भी मजबूत प्रदर्शन करती है तो दक्षिण में उसका भविष्य उज्ज्वल हो सकता है।

बदलाव के लिए कमल से हाथ मिलाया

जेकब ने अपने पॉलिटिकल अलगाव को खत्म करने और NDA में शामिल होने का कारण केरल की पॉलिटिकल संस्कृति और शासन में बदलाव की जरूरत को बताया है। जैकब ने कहा कि हमने केरल में बदलाव लाने के लिए NDA और पीएम मोदी के साथ हाथ मिलाने पर चर्चा की और फैसला किया।

जेकब ने बताया कि उन्होंने LDF और UDF दोनों के शासन में "खराब शासन और भ्रष्टाचार" के कारण ट्वेंटी20 बनाकर राजनीति में कदम रखा है। उन्होंने कहा कि ट्वेंटी20 द्वारा शासित पंचायतों में कई कल्याणकारी योजनाएं, जिनमें खाद्य सुरक्षा पहल भी शामिल हैं, लागू की गईं है। ट्वेंटी20 की मौजूदगी फिलहाल स्थानीय निकाय में है। पार्टी के नुमाइंदे एर्नाकुलम जिले के 4 पंचायतों में हैं।

निकाय चुनाव में LDF और UDF हमसे डर गई थी

स्थानीय निकाय चुनाव का जिक्र करते हुए जैकब ने आरोप लगाया कि कांग्रेस, CPI(M) और कई अन्य पार्टियों ने ट्वेंटी20 को हराने के लिए गठबंधन किया था। उन्होंने दावा किया कि पहली बार, LDF और UDF दोनों ने हमारे सामने चुनाव लड़ने के लिए अपने पार्टी सिंबल का इस्तेमाल नहीं किया। उन्होंने कहा कि NDA में शामिल होने का फैसला करने से पहले उन्होंने अलग-अलग पॉलिटिकल पार्टियों के साथ बातचीत की थी।

यह आरोप लगाते हुए कि UDF और LDF के सालों के शासन के बाद राज्य एक गंभीर संकट का सामना कर रहा है। उन्होंने कहा कि अकेले खड़े रहने से विकास और कल्याणकारी गतिविधियों को जारी रखना मुश्किल हो गया था। उन्होंने कहा कि यह कदम उन पार्टियों के खिलाफ है, जो देश को बर्बाद करने की कोशिश कर रही हैं और ट्वेंटी20 को राजनीतिक रूप से खत्म करने की कोशिशों के खिलाफ भी है।

आज औपचारिक रूप से जेकब शामिल होंगे NDA में

चंद्रशेखर ने कहा कि ट्वेंटी20 को NDA में औपचारिक रूप से शामिल करने की घोषणा शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में एक कार्यक्रम में की जाएगी। BJP नेता ने कहा कि NDA का लक्ष्य राज्य की पॉलिटिकल संस्कृति में बदलाव लाना है, जो उनके आरोप के मुताबिक, सालों से बुरी तरह प्रभावित हुई है। "ऐसा बदलाव सिर्फ NDA ही ला सकता है। मोदी तिरुवनंतपुरम में विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करने और नई ट्रेनों को हरी झंडी दिखाने के लिए एक आधिकारिक कार्यक्रम में शामिल होंगे।

नायर और ईझावा समाज पर है बीजेपी की नजर

बीजेपी दक्षिण में भी सोशल इंजीनियरिंग करने में जुटी हुई है। पार्टी की नजर नायर और ईझावा समाज पर है। दरअसल, केरल की कुल आबादी का 55 फीसदी हिंदू है। ईझावा समुदाय राज्य में सबसे बड़ा हिंदू समुदाय है। इसकी आबादी 23 फीसदी है, जबकि नायरों की संख्या 15 फीसदी है। दोनों को जोड़ दिया जाए तो कुल आबादी में इन दोनों की हिस्सेदारी 38 फीसदी पहुंच जाती है, जबकि ये हिंदू आबादी का 80% हिस्सा बनते हैं। वहीं, राजनीति के लिहाज से भी दोनों समुदाय प्रभुत्व रखते हैं। दोनों समुदाय से लगभग 50 विधायक भी चुनकर आते हैं।

Updated on:
23 Jan 2026 01:23 pm
Published on:
23 Jan 2026 01:12 pm
Also Read
View All

अगली खबर