
Satyam Pandit Assault Students Video: जंतर-मंतर पर 36 दिनों तक चले आंदोलन के बाद सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में एक व्यक्ति प्रदर्शन में शामिल छात्रों से पूछताछ करता, उनके साथ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करता और मारपीट करते हुए दिखाई दे रहा है। हालांकि अभी तक वीडियो की सत्यता और घटना की तारीख की पुष्टि नहीं हो पाई है। वीडियो में अभद्र भाषा होने के कारण खबर में वीडियो नहीं लगाई गई है।
सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो को सपा सांसद अखिलेश यादव और टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा समेत कई नेताओं ने शेयर किया है। विपक्षी नेताओं के मुताबिक, वीडियो में नजर आ रहे व्यक्ति की पहचान सत्यम पंडित के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि यह गाजियाबाद का हिंदुत्ववादी कार्यकर्ता है।
बता दें कि वीडियो में सफेद कुर्ता और भगवा गमछा पहने व्यक्ति दो छात्रों से उनका नाम और वे किसका समर्थन करते हैं, यह पूछता नजर आता है। छात्रों के खुद को हिंदू बताने पर वह उनसे पूछता है कि वे कॉकरोच जनता पार्टी का समर्थन क्यों कर रहे हैं। व्यक्ति के मुताबिक, सीजेपी राष्ट्रविरोधी छात्रों का समर्थन करती है।
इसके बाद वह छात्रों के साथ गाली-गलौज करता है, एक छात्र की कॉलर पकड़कर उसके साथ मारपीट करता है और कैमरे के सामने माफी मांगने के लिए मजबूर करता है। वीडियो में वह छात्र को दोबारा प्रदर्शन स्थल के आसपास दिखाई देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी देता सुनाई देता है।
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि वीडियो में दिखाई दे रहे छात्र नाबालिग हैं या नहीं। इसके अलावा यह घटना कब की है, इसको लेकर भी स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है।
वीडियो साझा करते हुए समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा- बीजेपी और उसके सहयोगियों का व्यवहार युवाओं के प्रति किए गए वादों के विपरीत है और यह उनके दोहरे चरित्र को दर्शाता है।
वहीं, तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा ने भी वीडियो शेयर करते हुए दिल्ली पुलिस से आरोपी के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि पुलिस कार्रवाई नहीं करती है तो एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
सत्यम पंडित को अक्सर मुसलमानों के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने के लिए जाना जाता है। फेसबुक प्रोफाइल के मुताबिक वह खुद को हिंदू वीर सेना का संस्थापक बताता है। उसने कई बार मुसलमानों के खिलाफ बयान दिया है। एक वीडियो में वह कह रहा था कि कांवड़ यात्रा में किसी भी मुस्लिम पुलिसकर्मी की ड्यूटी नहीं लगाई जाए। वह कई बार जेल भी जा चुका है।
गौरतलब है कि अभिजीत दीपके के नेतृत्व वाली कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने NEET-UG पेपर लीक मामले में धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जंतर-मंतर पर 36 दिनों तक प्रदर्शन किया था। इस मांग के समर्थन में देश के कई हिस्सों में भी प्रदर्शन हुए।
शनिवार को धर्मेंद्र प्रधान ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया। मोदी सरकार ने इसके बाद प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया। इसके बाद कॉकरोच जनता पार्टी ने यह कहते हुए अपना आंदोलन समाप्त कर दिया कि उनकी प्रमुख मांग पूरी हो गई है।