
विजयपुर। विजयपुर में सड़क हादसा बताकर छिपाई गई हत्या की गुत्थी जिला पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस के अनुसार पत्नी ने ही अपने पति की हत्या की साजिश रची और घर में रंग-रोगन का काम करने वाले पेंटर को इसके लिए उकसाया। इस मामले में पत्नी सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अधीक्षक लक्ष्मण निंबरगी ने पत्रकार वार्ता में इसका खुलासा किया।
मृतक राजशेखर बिरादार (42) की 4 अक्टूबर को रिंग रोड से जुमनाल की ओर जाने वाली सड़क पर मौत हो गई थी। उसकी पत्नी अश्विनी बिरादार (30) ने शिकायत दर्ज कराई थी कि सुबह करीब पांच से साढ़े पांच बजे के बीच अज्ञात वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हालांकि जांच के दौरान पुलिस को घटना सामान्य सड़क दुर्घटना नहीं लगी। इसके बाद आगे की जांच की गई तो मामला सुनियोजित हत्या का निकला।
पुलिस अधीक्षक के अनुसार राजशेखर और अश्विनी की शादी करीब दस साल पहले हुई थी। उनके छह साल के जुड़वां बेटे हैं। परिवार एकता नगर में रहता था और करीब सात महीने पहले ही नया मकान बनवाया था। मकान में रंग-रोगन का काम मदीना नगर निवासी आनंद कल्लूर (25) को दिया गया था। इसी दौरान अश्विनी और आनंद के बीच परिचय बढ़ा और दोनों में नजदीकी हो गई। पुलिस का आरोप है कि अश्विनी पति से छुटकारा चाहती थी और उसने राजशेखर की हत्या के लिए आनंद को उकसाया। इसके लिए उसने उसे पैसे भी दिए। अश्विनी ने आनंद को बताया था कि उसका पति सुबह किस समय घर से सैर के लिए निकलता है।
पुलिस के मुताबिक योजना के तहत आनंद मोटरसाइकिल से राजशेखर का पीछा कर रहा था। इसके बाद सचिन बडाली (24) और एक किशोर बिना नंबर प्लेट वाली काली कार लेकर पहुंचे। आरोप है कि सड़क पर पैदल जा रहे राजशेखर को पीछे से वाहन से कुचल दिया गया और आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि आनंद ने पहले से विवाहित होने की बात छिपाकर अश्विनी से नजदीकी बढ़ाई थी। मामले में अश्विनी, आनंद, सचिन और एक किशोर को हिरासत में लिया गया है। पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।