west bengal politics: बीजेपी नेता दिलीप घोष ने कहा कि बीजेपी में कुछ लोग जो बाहर से आए हैं वे बीजेपी पर कब्ज़ा करना चाहते हैं। भाजपा के पुराने नेताओं को किनारे कर दिया गया है।
Mamata Banerjee Dilip Ghosh meeting: पश्चिम बंगाल की सिसायत में एक तस्वीर ने खलबली मचा दी है। सियासी गलियारों में इस तस्वीर को लेकर तमाम तरह की अटकले लगाई जा रही है। दरअसल, इस तस्वीर में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और बीजेपी नेता दिलीप घोष एक साथ नजर आ रहे हैं। इस तस्वीर में दिलीप घोष की पत्नी भी नजर आ रही है। यह तस्वीर सामने आने के बाद दिलीप घोष का विरोध होना भी शुरू हो गया है। वहीं अब बीजेपी नेता दिलीप घोष ने ममता बनर्जी से मुलाकात के बाद सवाल उठाने वालों को करारा जवाब दिया है।
बीजेपी नेता दिलीप घोष ने कहा कि बीजेपी में कुछ लोग जो बाहर से आए हैं वे बीजेपी पर कब्ज़ा करना चाहते हैं। भाजपा के पुराने नेताओं को किनारे कर दिया गया है। लाखों कार्यकर्ता बैठे हुए हैं, चुनाव में भी काम नहीं करते और बाहर भी नहीं निकलते।
उन्होंने कहा कि मैं जगन्नाथ धाम गया था, चोरी करने नहीं गया था। अयोध्या में राम मंदिर में करोड़ों लोग आए, काशी विश्वनाथ मंदिर में करोड़ों लोग आए। किसने पूछा कौन किस पार्टी का है, मंदिर कोई भी बनाए, उसमें जाने का अधिकार सबको है। हम इसे राजनीति से ऊपर मानते हैं।
ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी में शामिल होने की अटकलों पर बीजेपी नेता दिलीप घोष ने कहा कि मैं क्यों शामिल होऊंगा? मेरा बुरा वक्त नहीं है। मैं पिछले 10 सालों में नहीं बदला हूं, मैंने अपनी पार्टी नहीं बदली है, जैसे कई लोग चुनाव आने पर पाला बदल लेते हैं। दिलीप घोष को पाला बदलने की जरूरत नहीं है।
दिलीप घोष की सीएम ममता बनर्जी से मुलाकात की तस्वीर को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा करते हुए बीजेपी नेता स्वपन दासगुप्ता ने लिखा कि बंगाल बीजेपी के कार्यकर्ताओं में इस मुलाकात को लेकर गुस्सा है। इसे पूर्व प्रदेश अध्यक्ष द्वारा विश्वासघात के रूप में देखा जा रहा है। राष्ट्रीय नेतृत्व को इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने कहा कि दिलीप घोष इसमें शामिल होते हैं या नहीं, यह उनका निजी मामला है। पार्टी इसका समर्थन नहीं करती, खासकर ऐसे समय में जब मुर्शिदाबाद में हिंदुओं को निशाना बनाया गया है। इसमें शामिल होने से ऐसा लगेगा कि उनकी दुर्दशा को नजरअंदाज किया जा रहा है। पार्टी ने सामूहिक रूप से इस कार्यक्रम का बहिष्कार करने का फैसला किया है।