
Iran Israel US Conflict Updates: ईरान की धरती पर मौत की संख्या बढ़ती जा रही है। अमेरिका और इजरायल ने मिलकर ईरान के कई शहरों पर ताबड़तोड़ हवाई हमले किए हैं। इस बार निशाना सिर्फ मिलिट्री ठिकाने नहीं, बल्कि वो जगहें बनी हैं जहां ईरान का भविष्य बन रहा था। तेहरान की मशहूर यूनिवर्सिटीज से लेकर रिहायशी कॉलोनियों तक, हर तरफ सिर्फ तबाही का मंजर है। इस हमले में अब तक 6 मासूम बच्चों समेत 34 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। हालात इतने खराब हैं कि एम्बुलेंस पर भी हमले हो रहे हैं और रेस्क्यू करने वाले वॉलिंटियर्स की भी मौत हो गई है।
ईरान की शान कही जाने वाली शरीफ यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी (MIT) पर हमला हुआ है। ईरान के अधिकारियों का दावा है कि अमेरिका ने यहां बंकर-बस्टर बमों का इस्तेमाल किया है। इन हमलों में न सिर्फ लैब और क्लासरूम तबाह हुए, बल्कि कैंपस की मस्जिद को भी भारी नुकसान पंहुचा है। इसी तरह शाहिद बेहश्ती यूनिवर्सिटी पर भी भारी बमबारी की गई है। ईरान के शिक्षा मंत्रालय के मुताबिक, अब तक 30 से ज्यादा यूनिवर्सिटीज को इस जंग की आग में झोंक दिया गया है।
तबाही का यह सिलसिला सिर्फ तेहरान तक सीमित नहीं रहा। बहारेस्तान इलाके में भी कई जगह हमले हुए हैं । यहां एक साथ 23 लोगों की लाशें बिछ गईं, जिनमें वो 6 बच्चे भी थे जो शायद अभी जिंदगी का मतलब भी नहीं जानते थे। कोम और बंदर-ए लेंग जैसे शहरों में भी हालात बहुत खराब रहे, जहां कुल 11 लोगों के मारे जाने की खबर है। शिराज, इस्फहान और कराज जैसे औद्योगिक शहरों पर भी ताबड़तोड़ हवाई हमले किए गए। इन हमलों के बीच ईरान ने अपने एक बड़े अधिकारी, IRGC इंटेलिजेंस चीफ सैय्यद माजिद खादेमी को भी खो दिया है।
इस पूरी जंग के पीछे स्ट्रेस पॉइंट बना हुआ है होर्मुज की खाड़ी (Strait of Hormuz)। ये वो समुद्री रास्ता है जहां से दुनिया का ज्यादातर तेल सप्लाई होता है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने साफ लहजे में ईरान को चेतावनी दी है कि या तो वो इस रास्ते को खोल दे या फिर और भी भयानक हमलों के लिए तैयार रहे। दूसरी ओर, ईरान ने भी झुकने से इनकार कर दिया है
सूत्रों के अनुसार हालात इतने बदतर हैं कि घायलों को बचाने जा रही एम्बुलेंसों को भी नहीं बख्शा जा रहा है। रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान चार वॉलिंटियर्स की जान जा चुकी है। बिजली घर और गैस प्लांट तबाह होने की वजह से कई शहरों में अंधेरा छा गया है, जिससे आम लोगों की जिंदगी नर्क बन गई है। ईरान और अमेरिका- इजरायल के बीच छिड़ी ये जंग अब केवल दो देशों की लड़ाई नहीं रह गई है। इस युद्ध से पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था और शांति खतरे में पड़ सकती है।