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जाकिर नाइक के प्रत्यर्पण पर भारत-मलेशिया में हुई बात, BRICS Summit में पीएम मोदी से चर्चा को लेकर प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम ने की पुष्टि

BRICS Summit 2026 के दौरान पीएम नरेंद्र मोदी और मलेशियाई प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम की बातचीत में जाकिर नाइक के प्रत्यर्पण का मुद्दा उठा। अनवर इब्राहिम ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि दोनों देशों के बीच इस विषय पर निजी बातचीत जारी है और मलेशिया कानून के मुताबिक सावधानी से आगे बढ़ेगा।
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Updated: 12 Sep 2026, 9:03 PM IST
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ब्रिक्स 2026(फोटो- ANI)

India Malaysia Relations: भगोड़े इस्लामिक उपदेशक जाकिर नाइक के प्रत्यर्पण का मुद्दा भारत और मलेशिया के बीच बातचीत में उठा है। मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम ने शनिवार को इसकी पुष्टि की। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ मुलाकात के दौरान इस मुद्दे पर चर्चा हुई, लेकिन दोनों देशों ने इसे निजी रखने का फैसला किया है। अनवर इब्राहिम इन दिनों नई दिल्ली में आयोजित 18वें BRICS शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने भारत आए हैं। शनिवार सुबह उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इसके बाद एनडीटीवी को दिए एक विशेष इंटरव्यू में उन्होंने जाकिर नाइक के प्रत्यर्पण से जुड़े सवाल पर भारत के साथ हुई बातचीत की जानकारी दी।

जाकिर नाइक के प्रत्यर्पण पर क्या बोले अनवर इब्राहिम?

जाकिर नाइक के प्रत्यर्पण के मुद्दे पर पूछे गए सवाल के जवाब में अनवर इब्राहिम ने कहा कि दोनों देशों के बीच इस विषय पर निजी बातचीत जारी है। उन्होंने कहा कि भारत और मलेशिया ने इस मुद्दे को सार्वजनिक चर्चा में लाने के बजाय निजी रखने का फैसला किया है, ताकि दोनों देशों के हितों की रक्षा की जा सके। अनवर इब्राहिम के मुताबिक, जाकिर नाइक से जुड़ा मामला दोनों देशों के बीच भरोसा बढ़ाने और द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने की प्राथमिकता में शामिल है।

'कानून के शासन का सम्मान करना होगा'

मलेशियाई प्रधानमंत्री ने साफ किया कि प्रत्यर्पण के मामले में मलेशिया को कानून के शासन का पालन करना होगा। उन्होंने कहा कि भारत की प्रत्यर्पण मांग को लेकर मलेशिया को कुछ समझ है, लेकिन इस मामले में बहुत सावधानी से आगे बढ़ना जरूरी है। उन्होंने कानून के शासन और भारत-मलेशिया के द्विपक्षीय संबंधों के महत्व पर जोर दिया। इससे संकेत मिलता है कि मलेशिया इस मामले को कानूनी प्रक्रिया के तहत आगे बढ़ाना चाहता है।

भारत ने जाकिर नाइक के प्रत्यर्पण की मांग की है

जाकिर नाइक भारत में वांछित है। उसके खिलाफ हेट स्पीच और मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े आरोप हैं। भारतीय अधिकारियों ने 2016 में जाकिर नाइक और उसके नेटवर्क से जुड़े संगठनों की जांच शुरू की थी। इनमें इस्लामिक रिसर्च फाउंडेशन (IRF) और पीस टीवी शामिल हैं। जांच शुरू होने के बाद जाकिर नाइक 2016 में मलेशिया चला गया। बाद में उसे मलेशिया में स्थायी निवासी (Permanent Resident) का दर्जा मिला। भारत की ओर से उसके प्रत्यर्पण के लिए मलेशिया को औपचारिक अनुरोध भी भेजा जा चुका है। मलेशिया ने कहा है कि वह स्थापित कानूनी प्रक्रियाओं के जरिए भारत के साथ सहयोग करेगा।

जाकिर नाइक कौन है?

जाकिर नाइक भारतीय इस्लामिक उपदेशक है, जो धार्मिक भाषणों और व्याख्यानों के जरिए चर्चित रहा है। उसके भाषणों को लेकर भारत में लंबे समय से विवाद रहा है।

2016 में भारत में उसके खिलाफ जांच शुरू होने के बाद वह देश से बाहर चला गया और मलेशिया में रहने लगा। फिलहाल वह मलेशिया का स्थायी निवासी है, जबकि भारत में उसके खिलाफ मामले चल रहे हैं। जाकिर नाइक से जुड़े संगठनों और उसके कथित वित्तीय नेटवर्क की भी भारतीय एजेंसियों ने जांच की है।

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12 Sep 2026, 9:03 PM IST
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