Faridabad: पुलिस के अनुसार, 30 साल के कर्मवीर ने अपने तीनों बच्चों के साथ फंदा लगा लिया। जब तक आसपास के लोगों ने दरवाजा तोड़कर उन्हें बचाने की कोशिश की, तब तक कर्मवीर और उसकी 12 साल की बेटी दम तोड़ चुके थे।
Faridabad: दिल्ली से सटे फरीदाबाद जिले के बल्लभगढ़ उपमंडल के गांव नेकपुर में गुरुवार देर रात एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। यहां अपने खिलाफ पुलिस कंप्लेंट से डरे पिता ने अपनी दो बेटियों और एक बेटे के साथ फांसी लगा ली। इस दर्दनाक घटना में पिता और 12 साल की बेटी की मौत हो गई, जबकि एक बेटी और एक बेटा अस्पताल में जिंदगी और मौत से जूझ रहे हैं। पुलिस के अनुसार, गांव नेकपुर निवासी 30 साल के कर्मवीर अपने पारिवारिक विवाद और पुलिस कार्रवाई से बेहद परेशान था। बीती रात उसने अपने तीनों बच्चों के साथ फंदा लगा लिया।
पुलिस जांच में सामने आया है कि कर्मवीर और उसकी पत्नी के बीच लंबे समय से अनबन चल रही थी। आए दिन झगड़े की वजह से घर का माहौल तनावपूर्ण बना रहता था। परिजनों के अनुसार, करीब छह दिन पहले ही पत्नी मायके से लौटी थी। लौटने के बाद भी पति-पत्नी के बीच विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा था। इसी दौरान झगड़े के बाद पत्नी ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने घर जाकर पूछताछ की थी। परिवार का आरोप है कि पुलिस की ओर से की गई कार्रवाई और संभावित सख्त रवैये से कर्मवीर भयभीत हो गया। इसी मानसिक दबाव में उसने यह खौफनाक कदम उठाया।
घटना के बाद पूरे गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों ने बताया कि कर्मवीर मेहनती और सीधा-साधा इंसान था, लेकिन घरेलू विवाद और दबाव ने उसकी जिंदगी छीन ली। मृतकों के शवों को पुलिस ने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है और परिजनों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं। गांव के लोग अब इस परिवार के दो मासूम बच्चों की जिंदगी की दुआएं कर रहे हैं, जो इस हादसे के बाद अस्पताल में गंभीर हालत में भर्ती हैं। वहीं प्रशासन और पुलिस पर भी कई सवाल खड़े हो रहे हैं कि क्या विवाद को समय रहते सुलझाया जा सकता था।
आसपास के लोगों का कहना है कि पिता और तीन बच्चों के फंदा लगाने की जानकारी पर जब तक लोगों ने दरवाजा तोड़ा, तब तक कर्मवीर और उसकी 12 साल की बेटी दम तोड़ चुके थे। वहीं बाकी दो बच्चों को परिजनों और ग्रामीणों की मदद से तुरंत सर्वोदय अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। गौरतलब है कि पिछले एक महीने में घरेलू विवाद और मानसिक तनाव के चलते आत्महत्या की घटनाओं में इजाफा देखा गया है। हाल ही में गुरुग्राम में भी एक युवक ने पत्नी से झगड़े के बाद फांसी लगा ली थी। वहीं रोहतक में कर्ज और पारिवारिक दबाव से परेशान एक किसान ने अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ जहर खाकर जान दे दी थी।