नई दिल्ली

खरगे के घर मॉक पार्लियामेंट में ज्ञानेश कुमार पर बरसे सिंघवी, बोले- संविधान किसी की जागीर नहीं

Abhishek Manu Singhvi Latest Statement: खरगे के आवास पर आयोजित मॉक पार्लियामेंट में कांग्रेस सांसद अभिषेक मनु सिंघवी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधा। उन्होंने संविधान और चुनाव आयोग को किसी की निजी जागीर न बनाने की बात कही।
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Updated: 31 Oct 2026, 3:44 PM IST
Mock Parliament
खरगे के आवास पर आयोजित मॉक पार्लियामेंट में ज्ञानेश कुमार पर बरसे अभिषेक मनु सिंघवी। (फाइल फोटो-ANI)

Mock Parliament: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर विपक्षी INDIA गठबंधन ने अपना विरोध तेज कर दिया है। शनिवार को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के दिल्ली स्थित आवास पर विपक्षी नेताओं ने मॉक पार्लियामेंट का आयोजन किया। इसमें कांग्रेस सांसद और वरिष्ठ वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि संविधान किसी एक व्यक्ति की निजी जागीर नहीं है और देश इसे किसी की मर्जी से चलने नहीं देगा।

खरगे के आवास पर आयोजित इस कार्यक्रम में सिंघवी ने कहा कि ज्ञानेश कुमार को संविधान के दायरे में रहकर काम करना चाहिए। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त पर संविधान के खिलाफ गंभीर काम करने के आरोप लगाए और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की। सिंघवी ने कहा कि चुनाव आयोग भी किसी व्यक्ति की निजी संपत्ति नहीं है। यह एक स्वतंत्र संस्था है और इसे उसी तरह काम करना चाहिए।

'देश संविधान को अपनी जागीर नहीं बनने देगा'

सिंघवी ने कहा कि देश के लोग यह बर्दाश्त नहीं करेंगे कि कोई व्यक्ति संविधान को अपनी मर्जी से चलाए। उन्होंने चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि लोकतंत्र में इस संस्था की जिम्मेदारी बहुत अहम है। ऐसे में इसके कामकाज को लेकर उठ रहे सवालों को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम के जरिए विपक्ष ज्ञानेश कुमार के खिलाफ अपनी आवाज उठा रहा है। सभा में उनके खिलाफ महाभियोग जैसी कार्रवाई की मांग भी की गई।

क्या है मॉक पार्लियामेंट का मामला?

INDIA गठबंधन ने ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध जताने के लिए इस कार्यक्रम की योजना बनाई थी। विपक्ष ने इसे 'पब्लिक इम्पीचमेंट' नाम दिया है। इसके तहत मॉक पार्लियामेंट में मुख्य चुनाव आयुक्त पर लगाए गए आरोपों पर चर्चा की जा रही है।

विपक्ष पहले इस कार्यक्रम को रामलीला मैदान और दूसरे स्थानों पर करना चाहता था, लेकिन वहां अनुमति नहीं मिलने के बाद इसे खरगे के आवास पर आयोजित करने का फैसला किया गया। बारिश के कारण कार्यक्रम की तारीख भी बदली गई। इसे पहले 30 अक्टूबर को होना था, लेकिन बाद में 31 अक्टूबर को आयोजित किया गया।

हालांकि, यह संसद में होने वाली असली महाभियोग प्रक्रिया नहीं है। यह विपक्ष का सांकेतिक विरोध कार्यक्रम है, जिसके जरिए वह ज्ञानेश कुमार के खिलाफ अपनी नाराजगी जाहिर कर रहा है।

SIR को लेकर भी विपक्ष नाराज

विपक्षी दलों का कहना है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR के दौरान बड़ी संख्या में लोगों के नाम हटाए जा रहे हैं। इससे सही मतदाताओं के वोट देने के अधिकार पर असर पड़ सकता है। इसी मुद्दे को लेकर विपक्ष मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहा है।

विपक्ष ने इस विरोध को आगे बढ़ाने की भी तैयारी की है। 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में INDIA गठबंधन की बड़ी रैली होने वाली है। ऐसे में खरगे के घर हुई मॉक पार्लियामेंट के बाद अब सबकी नजर इस रैली पर है।

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31 Oct 2026, 3:44 PM IST
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