Raghav Chadha News : आम आदमी पार्टी (AAP) से नाता तोड़कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हुए राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने मंगलवार को राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने पंजाब की भगवंत मान सरकार पर राजनीतिक प्रतिशोध के तहत कार्रवाई करने का आरोप लगाया।
Raghav Chadha News : आम आदमी पार्टी (AAP) से नाता तोड़कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हुए राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने मंगलवार को राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने पंजाब की भगवंत मान सरकार पर राजनीतिक प्रतिशोध के तहत कार्रवाई करने का आरोप लगाया।
संवैधानिक अधिकारों के हनन का दावा मीडिया से बातचीत में राघव चड्ढा ने कहा कि जो सांसद अपने संवैधानिक अधिकारों का उपयोग करते हुए आम आदमी पार्टी से अलग हुए और भाजपा में विलय किया, उन्हें अब पंजाब सरकार निशाना बना रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य की मशीनरी का इस्तेमाल उन सांसदों के खिलाफ प्रतिशोध की भावना से किया जा रहा है जिन्होंने पार्टी नेतृत्व से असहमति जताई थी।
चड्ढा ने बताया कि उन्होंने राष्ट्रपति को पंजाब के इन ताजा घटनाक्रमों से अवगत कराया और अपनी चिंताएं सीधे उनके सामने रखीं। गौरतलब है कि हाल ही में राघव चड्ढा सहित सात राज्यसभा सांसदों ने आप (AAP) का साथ छोड़ दिया था, जिसके बाद राज्यसभा सभापति ने उनके भाजपा में विलय को मंजूरी दी थी। सियासी टकराव तेजयह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब पंजाब पुलिस ने भाजपा में शामिल हुए कुछ नेताओं के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज की है, जिसे भाजपा ने 'राजनीतिक उत्पीड़न' करार दिया है। दूसरी ओर, पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भी इन घटनाक्रमों के बीच राष्ट्रपति से मिलने का समय मांगा है, जिससे राज्य की राजनीति में टकराव और बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं।
आम आदमी पार्टी (AAP) के कुल 10 राज्यसभा सांसदों में से 7 सांसदों जिनमें राघव चड्ढा, संदीप पाठक, अशोक मित्तल, हरभजन सिंह, राजेंद्र गुप्ता, विक्रमजीत साहनी और स्वाति मालीवाल ने पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया है। इस दलबदल के बाद पंजाब पुलिस और राज्य प्रशासन की ओर से इन नेताओं पर सख्त कार्रवाई की खबरें सामने आई हैं, जिसके तहत संदीप पाठक के खिलाफ दो गैर-जमानती प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई हैं और उनकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। इसके अलावा, राजेंद्र गुप्ता से जुड़े ट्राइडेंट ग्रुप के ठिकानों पर पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा छापेमारी की गई है और पूर्व क्रिकेटर हरभजन सिंह की सुरक्षा में भी कटौती की गई है। भाजपा और इन नेताओं ने इसे "बदले की राजनीति" करार देते हुए राष्ट्रपति से भी इस मामले में हस्तक्षेप की गुहार लगाई है।