
राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा। (फोटो- ANI)
आम आदमी पार्टी छोड़कर भाजपा में शामिल हुए राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा अब सीधे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात करने वाले हैं। सूत्रों के मुताबिक, राष्ट्रपति ने 5 मई को सुबह 10:40 बजे चड्ढा समेत चार सांसदों को समय दे दिया है।
यह मुलाकात काफी अहम मानी जा रही है क्योंकि इसमें पंजाब की सत्ता का कथित दुरुपयोग और राजनीतिक प्रतिशोध का मुद्दा उठाया जाएगा।
राघव चड्ढा और उनके साथी सांसद मान रहे हैं कि पंजाब में आप सरकार उन नेताओं को निशाना बना रही है जो हाल ही में पार्टी छोड़कर भाजपा का साथ दे चुके हैं।
उनके अनुसार, राज्य की मशीनरी का इस्तेमाल करके इन सांसदों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। यह मामला सिर्फ व्यक्तिगत नहीं बल्कि लोकतंत्र की जड़ों को प्रभावित करने वाला बताया जा रहा है।
सूत्र बताते हैं कि चड्ढा राष्ट्रपति को विस्तार से बताएंगे कि कैसे सरकारी विभागों, पुलिस और प्रशासन को विपक्षी नेताओं के खिलाफ इस्तेमाल किया जा रहा है।
यह मुलाकात ऐसे समय में हो रही है जब पंजाब में राजनीतिक घमासान चरम पर है और AAP-BJP के बीच तकरार बढ़ती जा रही है।
राघव चड्ढा के अलावा तीन अन्य सांसद भी इस बैठक में शामिल होंगे। वे सभी हाल में AAP छोड़कर भाजपा में आए हैं। इन नेताओं का कहना है कि उन्हें और उनके परिवारों को लगातार परेशान किया जा रहा है।
टैक्स विभाग से लेकर अन्य एजेंसियों तक का इस्तेमाल करके उन्हें मानसिक और आर्थिक तौर पर तोड़ने की कोशिश हो रही है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ऐसे मामलों में आमतौर पर तथ्यों को सुनने के बाद उचित कदम उठाने की सलाह देती हैं। इस मुलाकात में वे चड्ढा और अन्य सांसदों की बात ध्यान से सुनेंगी। हालांकि राष्ट्रपति भवन की ओर से अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
पंजाब की राजनीति में पिछले कुछ महीनों में बड़े बदलाव आए हैं। कई आप नेता असंतोष जता चुके हैं और भाजपा की ओर रुख कर रहे हैं। ऐसे में आप सरकार पर आरोप लग रहा है कि वह सत्ता का दुरुपयोग करके इन नेताओं को सबक सिखाना चाहती है।
राघव चड्ढा इस मुद्दे को सिर्फ पंजाब तक सीमित नहीं रखना चाहते बल्कि इसे राष्ट्रीय स्तर पर उठाना चाहते हैं। विपक्षी दलों का कहना है कि अगर सत्ता पक्ष अपने विरोधियों को इस तरह निशाना बनाएगा तो लोकतंत्र कमजोर होगा।
वहीं 'आप' की ओर से इन आरोपों को राजनीतिक साजिश बताया जा रहा है। पार्टी का दावा है कि सभी कार्रवाई कानून के दायरे में हो रही है।
Updated on:
03 May 2026 03:53 pm
Published on:
03 May 2026 03:38 pm
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