
नागौर. बीकानेर से नागौर के बीच मौजूदा हाइवे को शामिल करते हुए फोरलेन सड़क उन्नयन का कार्य किया जाएगा। यह फोरलेन मार्ग भारत-माला ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस हाइवे के ट्रैफिक को रासीसर के पास लेगा। हालांकि अभी बीकानेर से नागौर के मौजूदा हाइवे पर 115 किलोमीटर की दूरी पड़ती है। फोन लेन हाइवे का निर्माण के लिए केन्द्रीय सड़क परिवहन मंत्रालय ने 1359.31 करोड़ रुपए की स्वीकृति जारी की है।
केन्द्रीय कानून मंत्री अर्जुनराम मेघवाल ने बताया कि इस सड़क निर्माण से क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा मिलेगा और यातायात सुविधाओं को नई गति मिलेगी। कोलायत विधायक अंशुमान सिंह भाटी ने बताया कि बीकानेर-नागौर मौजूदा हाइवे पर ट्रैफिक बहुत ज्यादा हो चुका है। ऐसे में इसकी चौड़ाई बढ़ाने के साथ देशनोक में पिछल साल पुलिया के पास हादसे के बाद ओवरब्रिज के डिजाइन को लेकर सवाल उठे थे।
इसके साथ ही पलाना का ओवरब्रिज भी यातायात के लिहाज से बदलाव की जरूरत जताई जा रही थी। इन मुद्दों को लेकर हाइवे के ट्रैफिक को देशनोक के बाहर ओरण को खंडित नहीं करते हुए उसकी बाउंडरी के साथ नई सड़क निकालने का प्रस्ताव दिया था। अब केन्द्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडगरी ने बड़ी सौगात दी है। देशनोक धार्मिक आस्था का बड़ा स्थान होने से यहां देशभर से लोग आते है। उनका आवागमन सुगम हो जाएगा।
इस फोरलेन हाइवे के दोनों तरफ पक्के पेवर सोल्डर बनेगा। पानी निकासी की व्यवस्था भी की जाएगी। एनएच-62 के किलोमीटर 161 से 270 तक का करीब 109 किलोमीटर हिस्सा इस फोरलेन में शामिल होगा। इसके साथ ही देशनोक बाइपास का अलग से हिस्सा भी जुड़ जाएगा। इसके साथ ही रासीसर के बाहर से मार्ग करते हुए एक्सप्रेस हाइवे से जोड़ते हुए मार्ग निकलेगा।
बीकानेर से नागौर तक का हाइवे फोरलेन होने से इस मार्ग से होकर जयपुर, जोधपुर और अजमेर की तरफ आवागमन करने वाले यातायात को फायदा होगा। इस फोरलेन से सड़क दुर्घटनाओं में भी कमी आएगी। अभी इस टुकड़े में ओवरटेक से दुर्घटनाएं ज्यादा हो रही है।
अमृत योजना के तहत देशनोक में रेलवे सेवाओं के विस्तार एवं लंबी दूरी की ट्रेनों के ठहराव से प्रतिवर्ष ओरण परिक्रमा और मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या में दस गुना बढ़ोतरी हुई है। अब 4 लेन सड़क की सौगात से करणी माता मन्दिर देशनोक में अजमेर, जोधपुर, कोटा, उदयपुर, भरतपुर संभाग के भक्तों को सुगम यातायात की सुविधा मिलेगी।
- बादल सिंह देपावत, प्रधान ट्रस्टी करणी माता मंदिर।