sarpanchi post on contratct: मध्य प्रदेश के नीमच में एक महिला सरपंच ने अपनी सरपंची को एक ठेकेदार को ठेके में दे दिया। मामला सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद प्रशासन ने एक्शन लिया।
sarpanchi post on contratct: मध्यप्रदेश के नीमच की एक पंचायत में ऐसा मामला सामने आया है, जिसने प्रशासन से लेकर ग्रामीणों तक को हैरान कर दिया है। मनासा तहसील की ग्राम पंचायत दांता की महिला सरपंच कैलाशीबाई ने अपने पद की 'ठेकेदारी' कर डाली। उन्होंने सरपंची पद को 500 रूपए के स्टांप पर बाकायदा एक समझौते के तहत सुरेश को सौंप दिया।
कॉन्ट्रैक्ट में यह तक लिखा गया कि जब तक सरपंच पद पर कैलाशीबाई बनी रहेंगी, तब तक पंचायत के सभी कार्य सुरेश करेंगे। मामला सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, तो प्रशासन हरकत में आया और सरपंच को पद से हटाने का नोटिस जारी कर दिया गया।
ग्राम पंचायत दांता में 24 जनवरी 2025 को सरपंच कैलाशीबाई और सुरेश के बीच एक कॉन्ट्रैक्ट पत्र लिखा गया। इसमें स्पष्ट रूप से पंचायत से जुड़े तमाम कार्यों जैसे मनरेगा (MNREGA), प्रधानमंत्री आवास योजना, वाटरशेड प्रोजेक्ट आदि की जिम्मेदारी सुरेश को दी गई। इसमें यह भी तय किया गया कि जहां भी हस्ताक्षर की जरूरत होगी, सरपंच सिर्फ सुरेश की सहमति से ही साइन करेंगी। कॉन्ट्रैक्ट पर सद्दाराम और मन्नालाल नाम के दो गवाह के दस्तखत भी हैं।
मामले के तूल पकड़ने के बाद सरपंच और सुरेश दोनों भूमिगत हो गए हैं। प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है और जिला पंचायत सीईओ अमन वैष्णव ने 8 फरवरी 2025 को पेशी के लिए नोटिस जारी किया है। वहीं, जब मीडिया ने सरपंच के पति जगदीश कच्छावा से बात की तो उन्होंने पूरे मामले से पल्ला झाड़ते हुए कहा कि "ऐसा कोई कॉन्ट्रैक्ट हमने नहीं किया है।"