
Asaduddin Owaisi पर हमले के दो आरोपियों को सचिन पंडित (Sachin Pandit) और शुभम को पुलिस ने कुछ घंटे बाद ही गिरफ्तार कर लिया था। हापुड़ पुलिस ने शुक्रवार को दोनों को कोर्ट में पेश किया। जहां से उन्हें 14 दिन कि न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इसी बीच ओवैसी पर फायरिंग करने वाले सचिन की भाजपा (BJP) के बड़े नेताओं के साथ तस्वीरें वायरल (Photo Viral) हो रही हैं। बताया जा रहा है कि सचिन भाजपा नेताओं का करीबी है। वायरल हो रही एक तस्वीर में सचिन सीएम योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Aditynath), डिप्टी सीएम दिनेश शर्मा और केशव प्रसाद मौर्य के साथ खड़ा नजर आ रहा है। वहीं एक अन्य तस्वीर में वह सांसद महेश शर्मा के साथ दिखाई दे रहा है। उसे भाजपा और हिंदूवादी संगठनों का सक्रिय नेता बताकर तस्वीरों को वायरल किया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, ओवैसी पर हमले का मुख्य आरोपी सचिन पंडित उर्फ सचिन सचिन हिंदू ग्रेटर नोएडा के बादलपुर थाना क्षेत्र स्थित दुरयाई गांव का निवासी है। सचिन के पिता विनोद पंडित प्राइवेट कंपनियों में ठेकेदारी का काम करते हैं। वहीं सचिन खुद लॉ की पढ़ाई कर रहा है। बताया जा रहा है कि सचिन के खिलाफ पहले से 307 का मुकदमा दर्ज है। उसके फेसबुक अकाउंट पर भाजपा के कई बड़े नेताओं के साथ फोटो भी हैं। वह हिंदूवादी संगठनों में सक्रिय है और उसने भाजपा की सदयस्ता भी ले रखी है। इसकी रसीद भी उसने सोशल मीडिया पर शेयर की थी।
ओवैसी के इस बयान से ज्यादा खफा था सचिन
पुलिस पूछताछ में सचिन ने बताया कि वह ओवैसी के 2013-14 में राम मंदिर को लेकर दिए बयान से आहत था। उसे ओवैसी के धर्म विशेष के खिलाफ दिए बयानों से भी ठेस पहुंची है। सचिन का कहना है कि वह अक्सर ओवैसी भाइयों के सोशल मीडिया पर भाषण सुनता था। इसलिए वह ओवैसी से नफरत करता है। खासतौर से हाल ही में ओवैसी के उस बयान को लेकर वह काफी नाराज था, जिसमें ओवैसी ने कहा था कि हिंदुओं जब योगी और मोदी नहीं रहेंगे तो तुम्हें कौन बचाएगा। अब तुम हमारे ऊपर जुल्म कर रहे हो, हम भूलेंगे नहीं। इस बयान को सचिन ने गुरुवार को ही फेसबुक पर पोस्ट करते हुए लिखा था कि हम बचाने आएंगे।
हमले से पहले भी किया फेसबुक पोस्ट
सचिन की फेसबुक आईडी को देखकर यह अनुमान आसानी से लगाया जा सकता है कि वह क्रांतिकारियों महाराणा प्रताप, शिवाजी और सरदार भगत सिंह के साथ सीएम योगी आदित्यनाथ का बहुत बड़ा प्रशंसक है। उसकी अधिकतर पोस्ट इन्हीं पर आधारित हैं। इतना ही नहीं गुरुवार को भी सचिन ने एक पोस्ट करते हुए लिखा है... जब शांति से बात न बने तो युद्ध अनिवार्य होता है। माना जा रहा है कि यह पोस्ट ओवैसी पर हमले के संदर्भ में ही है।