एडीएम की पत्नी ने रिटायर्ड कर्नल पर लगाया था छेड़छाड़ का आरोप। पुलिस ने भेज दिया था जेल। अब मामले में हुआ खुलासा।
नोएडा। रिटायर्ड कर्नल और एडीएम के बीच के विवाद के सीएम दरबार में पहुंचने के बाद नोएडा प्राधिकरण भी एक्शन मोड में आ गया। अवैध निर्माण के मसले को लेकर तीन साल पहले शुरू हुए विवाद में दोनों पक्षों के लोगों के जेल जाने के बाद गुरुवार को प्राधिकरण ने एडीएम के घर में किए गए अवैध निर्माण पर बुलडोजर चला दिया। प्राधिकरण कर्मचारी बुलडोजर लेकर सेक्टर-29 के फ़्लैट नंबर-645 पहुंचे और उसमें अवैध रूप से बने एक कमरे को ध्वस्त कर दिया। यह मकान मुजफ्फर नगर में तैनात एडीएम हरिश्चंद्र का है। आरोप है कि अतिक्रमण कर उसमे अवैध निर्माण किया गया था।
रिटायर्ड कर्नल ने इस बात की शिकायत कई बार प्राधिकरण से कि लेकिन पीसीएस अफसर होने के नाते तमाम शिकायत के बाद भी प्राधिकरण ने कोई गौर नहीं किया। पूर्व सैनिकों ने रिटायर कर्नल की रिहाई के बाद गुरुवार को रिटायर कर्नल ने नोएडा के सेक्टर-37 स्थित समुदायिक केंद्र में मीडिया से बातचीत करते हुए बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम एक सात सूत्रीय मांग पत्र जारी कर मुख्यमंत्री से गुहार लगाई कि आरोपिओं की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की जाए।
साथ ही लापरवाही और अपने पद का दुरपयोग करने वाले पुलिसकर्मिओं और अफसरों पर भी सख्त से सख्त कार्रवाई हो। दरअसल रिटायर्ड कर्नल वीरेंद्र सिंह चौहान का संबंध गोरखपुर से होने के नाते यह मामला सीएम योगी आदित्यनाथ के दरबार में पहुंच गया है। उसके बाद प्राधिकरण अफसरों की नींद टूटी और गुरुवार की सुबह ही वे आनन-फानन में बुल्डोजर लेकर एडीएम हरीश चंद्रा के घर में बने अवैध निर्माण को ध्वस्त करने पहुंच गए।