नूरपुर विधानसभा सीट से भाजपा की प्रत्याशी अवनि सिंह और सपा के उम्मीदवार नईमुल हसन मैदान में हैं
नोएडा। कैराना और नूरपुर उपचुनाव को लेकर भाजपा व विपक्षी दलों के प्रत्याशी फाइनल हो चुके हैं। कुछ ने तो अपना नामांकन भी भार दिया है जबकि नूरपुर से भाजपा की उम्मीवार ने भी बुधवार को पर्चा दाखिल कर दिया। नूरपुर विधानसभा सीट से भाजपा की प्रत्याशी अवनि सिंह और सपा के उम्मीदवार नईमुल हसन मैदान में हैं। इस बीच सपा के लिए एक और पार्टी ने समर्थन का ऐलान किया है, जिससे इस उपचुनाव में उसकी स्थिति मजबूत होती दिख रही है। आपको बता दें कि इस विधानसभा सीट के लिए वोटिंग 28 मई को और काउंटिंग 31 मई को होगी।
विपक्षी दलों ने मिलाया हाथ
भाजपा विधायक लोकेंद्र सिंह चौहान के निधन के बाद खाली हुई बिजनौर की नूरपुर विधानसभा सीट पर भी 28 मई को मतदान होना है। उपचुनाव के लिए मुख्य विपक्षी दलों ने हाथ मिला लिया है। यहां से सपा के नईमुल हसन चुनाव लड़ रहे हैं। राष्ट्रीय लोक दल (रालोद) उन्हें समर्थन कर रही है। इस बीच भाजपा को हराने के लिए पीस पार्टी ने भी सपा के समर्थन का ऐलान किया है। पीस पार्टी के अध्यक्ष डॉ. मोहम्मद अय्यूब ने यह घोषणा की।
लोकेंद्र चौहान की पत्नी हैं अवनि
आपको बता दें कि भाजपा ने नूरपुर उपचुनाव में विधायक लोकेंद्र चौहान की पत्नी अवनि सिंह को अपना प्रत्याशी घोषित किया है। अवनि सिंह एक घरेलू महिला हैं और उनके दो बच्चे हैं। अवनि ग्रेजुएट बताई जा रही हैं। विधायक की मौत के बाद भाजपा ने सहानुभूति बंटाेरने के लिए इस सीट पर अवनि को टिकट दिया है।
सपा से नईमुल को मिला टिकट
वहीं, दूसरी तरफ सपा की तरफ से नईमुल हसन को टिकट दिया गया है। नईमुल हसन दो बार यहां से ही भाजपा के लोकेंद्र चौहान से हार चुके हैं। उनका स्थानीय नेताओं ने विरोध भी किया है। वह अखिलेश यादव के करीबी बताए जाते हैं।
जातीय समीकरण
नूरपुर विधानसभा सीट पर मुस्लिम मतदाताओं की संख्या लगभग 1.20 लाख और चौहान वोटर की संख्या 85 हजार है। इस सीट पर दलित वोट 45 हजार और अन्य समुदाय के 50 हजार मतदाता हैं। गठबंधन होने के बाद भाजपा प्रत्यशी को इस सीट पर पिछले चुनाव की अपेक्षा ज्यादा संघर्ष करना पड़ सकता है।