पुलिस भले ही अपराध की रोकथाम का ढिंढोरा पीटकर अपनी पीठ थपथपा रही हो लेकिन जनता का भरोसा उठने लगा है।
नोएडा। प्रदेश में भले ही योगी सरकार बनने के बाद पुलिस अपराध की रोकथाम का ढिंढोरा पीटकर अपनी पीठ थपथपा रही हो लेकिन वास्तविकता में आलम यह है कि आम जनता का पुलिस से भरोसा उठने लगा है। जिसके चलते अब लोग पीएमओ और सीएम ऑफिस में अपनी फरियाद लेकर पहुंच रहे हैं।
दरअसल, कुछ दिन पहले हुए डीजीएम हत्याकांड में परिजनों ने पुलिस द्वारा जांच में लापरवाही बरतने की बात कहते हुए पीएमओ को फैक्स भेजकर सीबीआई जांच की मांग की है। वही सैकड़ों लोगों से वीजा और विदेश में नौकरी के नाम पर हुई करोड़ों रुपये की ठगी के मामले में शिकायत देने के एक सप्ताह बाद भी केस दर्ज नहीं होने पर पीड़ितों ने सोमवार को अपनी फरियाद लेकर लखनऊ में सीएम ऑफिस का दरवाजा खटखटाया।
पुलिस कर रही टाइम पास, सीबीआई करें जांच
भेल के डीजीएम अमित पांडेय के बहनोई प्रभात द्विवेदी और पिता एन पांजेय ने बताया कि नोएडा पुलिस सिर्फ आश्वासन देने का काम कर रही है और इस मामले में जांच में गंभीरता नहीं दिखा रही है। घटना के कई घंटों के बाद भी पुलिस न तो हमलावर का पता लगा पाई है और न ही हत्या की वजह साफ हो सकी है। इससे कहीं न कहीं ऐसा लग रहा है कि पुलिस इस मामले में सिर्फ टाइम पास ही कर रही है। अब हम लोगों ने इस मामले की सीबीआई जांच के लिए पीएमओ को फैक्स भेजा है और हमें उम्मीद है सरकार हमारे साथ इंसाफ करेगी।
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इस बाबत एसएचओ थाना सेक्टर-39 अवनीश दीक्षित ने बताया कि पुलिस की कई टीम इस केस का खुलासा करने में लगी हुई हैं। हमें अब तक की जांच में यह पता चला है कि अमित पांडेय ओखला पक्षी विहार स्टेशन से उतरने के बाद एक्सप्रेस-वे की एमिटी यूनिवर्सिटी के साइड वाली सर्विस लेन से हाजीपुर अंडरपास होते हुए सेक्टर-105 तक पहुंचे थे। हालांकि वे वहां तक कैसे गए और उसके बाद क्या हुआ, यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है। इसकी जांच आगे की जा रही है।
300 लोगों से हुई करोड़ों की ठगी, पहुंचे सीएम ऑफिस
विदेश में नौकरी दिलवाने और वीजा के नाम पर हाल ही में हुई 300 लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी के मामले में पुलिस को शिकायत देने के एक सप्ताह बाद भी रिपोर्ट दर्ज नहीं हो रही है। वहीं थाने के चक्कर काट-काटकर परेशान हो चुके पीड़ितों के समूह ने सोमवार को सीएम ऑफिस पहुंचकर केस दर्ज कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग को लेकर मुख्यमंत्री कार्यालय में ज्ञापन दिया।
पीड़ित विनय कुमार ने बताया कि जब भी अपनी शिकायत के बारे में जानने के लिए थाने जाते हैं तो पुलिस वाले बोलते हैं कि पैसे क्या हमसे पूछकर दिए थे। ये सब जब हमसे नहीं पूछा तो अब हम इसमें क्या करें और हमें क्यों परेशान कर रहे हो। अब बार-बार चक्कर काटकर परेशान होकर हम लोगों ने सीएम कार्यालय के अफसरों से न्याय की गुहार लगाई है और हमें उम्मीद है कि सरकार हमारी मदद जरुर करेगी।