MP News: 400 साल पुराने धाम मोहल्ला में स्थित 108 साल पुराने SKN स्कूल बंद होने के कगार में है। एक समय जिले का प्रमुख शिक्षण संस्थान अब स्टाफ की कमी से जूझ रहा है।
School Close:पन्ना के बच्चों को बेहतर और उत्कृष्ट शिक्षा देने के लिए संत मिहिर दास ने देश आजाद होने के पहले सन 1917 में धाम मोहल्ला (Dham Mohalla) में श्रीकृष्ण निजानंद उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय (SKN School) स्थापना कराई थी।
सरकार ने नगरवासियों की शिक्षा के प्रति लगाव को देख सन 1953 में अनुदान देना शुरु किया। तब यह नगर के प्रमुख विद्यालयों में एक था। अब यह विद्यालय बंद होने की कगार पर आ गया है। यहां नवमी से बारहवी तक की कक्षाएं पहले ही बंद कर दी गई थी। अब कक्षा पहली से आठवीं तक के 85 बच्चों को पढ़ाने के लिए महज एक शिक्षक है। (mp news)
श्रीकृष्ण निजानंद उच्चतर माध्यमिक विद्यालय से सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक रामलाल सेंगर ने बताया, संत मिहिर दास (Saint Mihir Das) ने सन 1917 में विद्यालय की स्थापना करवाई। विद्यालय संचालन के लिए निजानंद शिक्षा समिति का गठन किया गया था। समिति ही विद्यालय में कार्यरत शिक्षकों को वेतन का प्रबंध करती थी। समिति के प्रयासों से सरकार प्रभावित हुई और 1953 में विद्यालय को अनुदान देना शुरू कर दिया। तब विद्यालय में पर्याप्त स्टॉफ था।
सहकारी बैंक में में क्लर्क के पद से सेवानिवृत्त हुए 70 वर्षीय बुजर्ग कृष्ण गोपाल शर्मा ने बताया, उन्होंने एसकेएन विद्यालय में कक्षा पहली से आठवीं तक अध्ययन किया है। एक जमाने में यह विद्यालय जिले के प्रमुख शिक्षण संस्थानों में से एक था। इस विद्यालय में पन्ना सहित आसपास के कस्बों के लोग अपने बच्चों को प्रवेश दिलाने प्रयास करते थे। अब यह बंद होने की कगार पर पहुंच गया है।
समय के साथ अनुदान प्राप्त विद्यालय में कार्यरत स्टॉफ सेवानिवृत्त होता गया, लेकिन नई भर्तियां नहीं की गई हैं। अब हालत यह है कि विद्यालय में केवल एक शिक्षक कार्यरत हैं, जिनपर पहली से आठवीं तक के 85 विद्यार्थियों को अध्ययन कराने का भार है। विद्यालय के प्रधानाध्यापक मुनी पाण्डेय ने बताया, अकेला होने की वजह से सभी बच्चों को एकसाथ बैठाकर पढ़ाना होता है।
शिक्षा महकमे को इस बात की जानकारी भेजी गई थी। साथ ही अधिकारियों से अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति करने का भी अनुरोध किया गया था। अभी तक अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति नहीं हो पाई है। इसका सीधा असर बच्चों के भविष्य पर पड़ रहा है। इससे यहां छात्रों की संख्या भी साल-दर-साल कम हो रही है। इस साल यहां कक्षा 1 से 8वीं तक की कक्षाओं में केवल 85 बच्चे हैं।
धाम मोहल्ला का इतिहास 400 साल से भी अधिक पुराना है। करीब 100 साल पहले पन्ना में शिक्षा के लिए व्यवस्था नहीं थी तक 1917 में संत मिहिर दास ने स्कूल की स्थापना की। 1953 में सरकार ने दिया अनुदान देना प्रारंभ कर दिया था। उस समय ये अंचल में शिक्षा का बड़ा केंद हुआ करता था। अब यह बंद होने की कगार पर पहुंच गया है। जिम्मेदार ध्यान नहीं दे रहे हैं। (mp news)
यह अनुदान प्राप्त विद्यालय है अनुदान प्राप्त विद्यालय अलग है। बच्चों का भविष्य प्रभावित न हो इसके प्रयास किए जा रहे हैं। नियमों के अनुरूप जल्द ही व्यवस्था की जाएगी। -रवि प्रकाश खरे, जिला शिक्षा अधिकारी पन्ना