
Srishti Mishra- एमबीबीएस की पढ़ाई कर रही पवई निवासी सृष्टि मिश्रा की प्रयागराज स्थित मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल में मौत हो गई। संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से उनके साथी गुस्सा उठे। घटना के बाद छात्र-छात्राओं ने हॉस्टल के बाहर एकत्र होकर हंगामा किया और सृष्टि मिश्रा की मौत की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई। उसकी रूम पार्टनर ने घटनाक्रम बताते हुए कहा कि रात में वह पूरी तरह सामान्य थी। खाना खाने के बाद सृष्टि सो गई पर सुबह नहीं उठी। सृष्टि मिश्रा, पन्ना जिले के पवई के चिकित्सक डॉ. अनुराग मिश्रा और शिक्षिका आशा मिश्रा की बेटी थीं। वे प्रयागराज के झलवा स्थित यूनाइटेड मेडिसिटी मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की अंतिम वर्ष की छात्रा थीं।
सृष्टि मिश्रा हॉस्टल में रह रही थीं। शुक्रवार रात वह अपने कमरे में सोने गई थीं। शनिवार सुबह जब वह अपने कमरे में अचेत अवस्था में मिलीं तो उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बेटी की मौत की सूचना मिलते ही मृतका के पिता प्रयागराज पहुंचे। इसके बाद पीएम कराया गया।
घटना की सूचना मिलते ही हॉस्टल परिसर में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में छात्र बाहर एकत्र हो गए। पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन शुरुआती समय में छात्रों के विरोध के कारण हॉस्टल में प्रवेश नहीं कर सकी।
घटना के संबंध में कॉलेज प्रबंधन का कहना है कि छात्रा सृष्टि मिश्रा को थायराइड की समस्या थी और वह मिर्गी से भी पीडि़त थीं। एयरपोर्ट थाना प्रभारी राजेश उपाध्याय ने बताया, मामले की जांच की जा रही है।
परिजनों ने कॉलेज प्रशासन द्वारा बताए जा रहे स्वास्थ्य संबंधी कारणों पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि सृष्टि को न तो थायराइड की कोई गंभीर बीमारी थी और न ही मिर्गी के दौरे पडऩे की कोई जानकारी थी।
सृष्टि मिश्रा हॉस्टल में जिस रूम पार्टनर के साथ रहती थी उसने घटना की विस्तार से जानकारी दी। रूम पार्टनर के मुताबिक रात में सब सामान्य था। सृष्टि ने रोज जैसा खाना खाया और सो गई। वह भी सो गई। रूम पार्टनर ने बताया कि सुबह वह उठ गई लेकिन सृष्टि सोई रही। वह खर्राटे भी ले रही थी। कुछ देर बाद अचानक उसकी तबियत बिगड़ गई। रूम पार्टनर की सूचना पर सृष्टि को तुरंत अस्पताल ले गए। उसे आईसीयू में भर्ती कर सीपीआर भी दिया लेकिन कुछ देर में ही सांसें थम गईं।