मिली जानकारी के अनुसार, यह हीरा पन्ना नगर के समीप स्थित जरुआपुर गांव की उस खदान से मिला है, जिसका संचालन मीना सिंह के नाम पर पट्टा लेकर किया गया था। हीरे की देखरेख एवं संचालन का कार्य उनके परिचित गौतम मिस्त्री द्वारा किया जा रहा है। बताया गया कि खदान में मजदूरों द्वारा नियमित रूप से किए जा रहे उत्खनन के दौरान यह बेशकीमती हीरा प्राप्त हुआ। मुनीम गौतम मिस्त्री ने बताया कि यह हीरा पूरी तरह उज्ज्वल किस्म का है और इसे सावधानीपूर्वक निकालकर हीरा कार्यालय में जमा कराया गया है।