महागठबंधन के विधायक आईपी गुप्ता ने नीतीश कुमार से आग्रह किया है कि वे दिल्ली जाने के बजाय बिहार की राजनीति पर ध्यान दें।
नीतीश कुमार के राज्य सभा सदस्य निर्वाचित होने के बाद बिहार में उनके बाद अगले मुख्यमंत्री को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। इसी बीच महागठबंधन के एक घटक दल के सहरसा विधायक आईपी गुप्ता ने नीतीश कुमार को खुला ऑफर देते हुए कहा कि वे मुख्यमंत्री बने रहें, महागठबंधन उन्हें समर्थन देने के लिए तैयार है।
सोमवार को पत्रकारों से बातचीत के दौरान आईपी गुप्ता ने बीजेपी पर तंज कसते हुए कहा कि पार्टी के लोगों ने प्रदेश में यह नैरेटिव बनाने की कोशिश की कि नीतीश कुमार की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है, इसलिए उन्हें मुख्यमंत्री पद से हटाकर राज्यसभा भेज दिया जाए।
जदयू में निशांत कुमार की एंट्री और परिवारवाद के सवाल पर आईपी गुप्ता ने कहा कि वे इसे वंशवाद नहीं मानते हैं। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार सिर्फ राजनेता ही नहीं, बल्कि एक पिता भी हैं। जैसे लालू यादव अपने बेटे को राजनीति में लाए, और उपेंद्र कुशवाहा ने भी ऐसा किया, वैसे ही यह स्वाभाविक है। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि वह इसे वंशवाद नहीं मानते और निशांत कुमार के राजनीति में आने का समर्थन करते हैं।
पत्रकारों से बातचीत से पहले आईपी गुप्ता ने जमुई में अपने नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की। 12 अप्रैल को पटना के बापू सभागार में पार्टी अपनी पहली वर्षगांठ मनाएगी। इसी कार्यक्रम को लेकर उन्होंने जमुई में बैठक कर रणनीति को अंतिम रूप दिया। इस कार्यक्रम में राहुल गांधी, तेजस्वी यादव और दीपांकर भट्टाचार्य के शामिल होने की उम्मीद है।