Viruddh Aahar : किस चीज के साथ किस चीज को खाना सही या गलत। फूड पॉइजनिंग कैसे हो जाता है। इन सभी बातों को आयुर्वेद में विरुद्ध आहार के जरिए समझाया गया है। डॉ. अर्जुन राज (Ayurvedic), दिब्या प्रकाश (Member IDA), डॉ. हिमांशु गुप्ता, (MBBS, MD) से हम इसे विस्तार से समझते हैं।
Viruddh Aahar : आयुर्वेद में विरुद्ध आहार का जिक्र किया गया है। आपको क्या खाना चाहिए और क्या नहीं, साथ ही किस फूड के साथ किस चीज का मिश्रण जहर हो सकता है। इस तरह की बातों का जिक्र विस्तार से किया गया है। इसलिए, कई बार गलत खाना खाने से बीमार पड़ने की बात और खराब खाने से मौत तक की खबरें सुनने को मिलती हैं। जैसे कि हालही में पालक और चिकन खाने से 3 लोगों की मौत की खबर सामने आई थी। हम विरुद्ध आहार को लेकर एक आयुर्वेदिक डॉक्टर, सर्टिफाइड डाइटिशियन (IDA) और सीनियर फिजिशियन से समझने की कोशिश करेंगे।
डॉ. अर्जुन राज, ये 15 साल से अधिक समय से आयुर्वेदिक डॉक्टर हैं। साथ ही डॉ. हिमांशु गुप्ता, सीनियर फिजिशियन हैं। ये 15 साल से एलोपैथ से इलाज कर रहे हैं।
डाइटिशियन दिब्या प्रकाश, इंडियन डाइटिक एसोसिएशन की सदस्य हैं। 12 वर्षों से बतौर डाइटिशियन काम कर रही हैं।
डॉ. अर्जुन राज ने बताया कि वैसे खानपान वाली चीजें जिनके मिश्रण के सेवन से शरीर में वात, पित्त और कफ के बीच असंतुलन पैदा होता है। इससे आमा यानी विषाक्त पदार्थ को जन्म देते हैं जिससे पाचन संबंधी बीमारियां होती हैं। गलत समय पर भोजन, विपरीत गुणों वाली चीजें, गलत मात्रा में सेवन आदि भी विरुद्ध आहार के अंतर्गत आता है। कई बार ये मिश्रण इतने खतरनाक होते हैं कि लोगों की जान तक चली जाती है। इसलिए, आयुर्वेद में आहार को प्राथमिकता दी जाती है।
काल विरोधी फूड आइटम्स को भी विरुद्ध आहार माना जाता है। जैसे- सर्दी के मौसम में अगर आप भारी भोजन करते हैं, बहुत अधिक तला-भुना खाते हैं तो ये शरीर के लिए सही नहीं होता है। इसी तरह कुछ चीजों को शाम या रात के समय खाने से बचना चाहिए। जैसे- पनीर को रात में खाने से पाचन संबंधित समस्या हो सकती है।
डाइटिशियन दिब्या प्रकाश कहती हैं, आयुर्वेद में विरुद्ध आहार को लेकर अच्छी तरह से बताया गया है। क्योंकि, गलत खानपान से फूड पॉइजनिंग, पेट की समस्या और स्किन इश्यूज होती हैं। ये बात ऐसे ही नहीं कही जाती, इसके पीछे फूड साइंस भी है।
दूध के साथ खट्टे फल ना खाएं- दिब्या कहती हैं कि दूध के साथ खट्टे फलों को खाने से पेट में गड़बड़ी होती है। इन चीजों का एक साथ सेवन करने से एसिडिटी, उल्टी, नोजिया आदि हो सकता है। साथ ही बच्चों में काफी दिक्कतें पैदा करता है।
दूध के साथ नमक का सेवन- दूध के साथ नमक या इससे बनी चीजों का सेवन करते हैं तो पेट में विषाक्त चीजें बढ़ने लगेंगी।
अंडा और चिकन- अगर आप अंडा और चिकन दोनों चीजों को एक साथ खाएंगे तो इससे फूड पॉइजनिंग के चांसेज बढ़ जाते हैं। क्योंकि, दोनों में हाई प्रोटीन पाया जाता है।
खाना के बाद फल खाना- कई लोग खाने के बाद फल को खाना पसंद करते हैं। पर इससे फर्मेंटेशन होता है। इससे पाचन की समस्या होती है।
केला और दूध - केला और दूध को मिलाकर मिल्कशेक पिया जाता है। पर आयुर्वेद में सख्त मनाही है। म्यूकस फॉर्म करता, साइनस की समस्या बढ़ाता है और डाइजेशन को स्लो कर देता है।
हनी को गरम चीज के साथ खाना- अगर आप हनी को किसी भी गरम चीज के साथ खाते हैं। यहां तक गरम पानी के साथ भी तो इससे हेल्थ इश्यू होते हैं। ऐसा करने से बचना चाहिए।
दिब्या कहती हैं कि डाइट चार्ट बनाते वक्त मैं इस बात का ध्यान रखती हूं। क्योंकि, आहार के मिश्रण से शरीर पर काफी हद तक प्रभाव पड़ता है। इसके अलावा हम खाने वाले चीजों के हाइजीन को लेकर भी जागरूक करते हैं ताकि फूड पॉइजनिंग से बचा जा सके।
डॉ. हिमांशु कहते हैं, विरुद्ध आहार बातों को एलोपैथ में फॉलो नहीं किया जाता है। हम मरीजों का खाना उनकी बीमारी आदि के आधार पर खाने की सलाह देते हैं। हम डाइट, ड्रग्स और एक्सरसाइज के आधार पर कोई भी सलाह देते हैं।
इसी बात का ध्यान रखकर मरीजों को सलाह दी जाती है। पर, रियल लाइफ में हम लोग गलत चीजों के मिश्रण से बचते हैं, क्योंकि बचपन से ही दादी-नानी से इस तरह की सलाह मिलती रहती है।