
जम्मू-कश्मीर बैंक (J&K Bank) में लगभग 1.54 लाख खातों में PAN (स्थायी खाता संख्या) लिंक न होने का मामला सामने आया है। यह केवल एक तकनीकी चूक नहीं, बल्कि टैक्स चोरी, मनी लॉन्ड्रिंग और बैंकिंग नियमों की अवहेलना से जुड़ा गंभीर संकेत है। आइए समझते हैं कि यह मामला क्या है, PAN लिंकिंग क्यों आवश्यक है, और किन खातों में PAN अनिवार्य नहीं होता।
मामले की तह में जाएं तो फरवरी 2025 की जांच रिपोर्ट में पाया गया कि J&K Bank में लगभग 1.54 लाख खाते PAN से लिंक नहीं थे, जबकि खाताधारकों के पास PAN कार्ड उपलब्ध था। इन खातों में वित्तीय वर्ष 2021‑22 से 2023‑24 के बीच लगभग 4.88 लाख करोड़ रुपये के लेन-देन दर्ज हुए, जिनमें से 10,464 निजी गैर‑PAN खातों में अकेले 9,649 करोड़ रुपये का क्रेडिट था। यह स्थिति KYC (Know Your Customer) नियमों की अवहेलना और संभावित गड़बड़ी की ओर संकेत करती है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया कि इन खातों का उपयोग टैक्स बचाने, फॉर्म‑60 के माध्यम से नियमों को दरकिनार करने और बैंक व कुछ व्यक्तियों के बीच गुप्त गठजोड़ के लिए किया जा सकता है। यह रिपोर्ट RBI सहित अन्य कानून प्रवर्तन एजेंसियों को भेजी गई थी।
PAN लिंकिंग का मुख्य उद्देश्य वित्तीय पारदर्शिता सुनिश्चित करना है। जब बैंक खाता PAN से जुड़ा होता है, तो:
PAN न होने पर बैंक खाते फॉर्म‑60 के आधार पर खोले जा सकते हैं, जो केवल एक घोषणा है और PAN का विकल्प नहीं हो सकता। इससे बड़े लेन-देन छिपाए जा सकते हैं और नियमों की अवहेलना हो सकती है।
लेकिन J&K Bank के मामले में फॉर्म‑60 का उपयोग नियमों को दरकिनार करने के लिए किया गया प्रतीत होता है, जिससे बड़े पैमाने पर वित्तीय गड़बड़ी संभव हुई।
यह केवल J&K Bank की समस्या नहीं है, बल्कि पूरे बैंकिंग सिस्टम में PAN लिंकिंग की अनदेखी का संकेत है। यदि आपका PAN आपके बैंक खाते से लिंक नहीं है, तो:
बैंक और नियामक संस्थाओं को इस मामले की गहराई से जांच करनी चाहिए। खाताधारकों को अपने PAN को तुरंत बैंक खाते से लिंक कराना चाहिए। RBI और आयकर विभाग को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि PAN लिंकिंग की प्रक्रिया सरल, स्पष्ट और सभी खातों पर लागू हो।
यह मामला हमें याद दिलाता है कि वित्तीय नियमों का पालन न केवल कानूनी जिम्मेदारी है, बल्कि आर्थिक सुरक्षा और पारदर्शिता की नींव भी है। यदि आप अपनी PAN लिंकिंग की स्थिति जानना चाहते हैं, तो अपने बैंक शाखा या नेट बैंकिंग पोर्टल पर जाकर तुरंत जांचें और यदि लिंक नहीं है, तो उसे शीघ्र पूरा करें।