
प्रतीकात्मक तस्वीर | Credit- ChatGPT
भारत में शिक्षा और कौशल विकास के क्षेत्र में एक नई दिशा मिल रही है। जुलाई 2025 में “Skilling for AI Readiness” (SOAR) नामक राष्ट्रीय पहल की शुरुआत की गई, जिसका उद्देश्य स्कूलों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) की समझ और क्षमता को बढ़ाना है। यह पहल विशेष रूप से कक्षा 6 से 12 तक के छात्रों और शिक्षकों को लक्षित करती है, ताकि वे भविष्य की तकनीकी दुनिया के लिए तैयार हो सकें।
SOAR का मुख्य लक्ष्य AI साक्षरता को बढ़ावा देना है। यह केवल तकनीकी जानकारी नहीं, बल्कि AI के नैतिक उपयोग, मशीन लर्निंग की बुनियादी समझ और करियर विकल्पों की जानकारी भी देता है।
छात्रों के लिए तीन 15‑घंटे के मॉड्यूल- “AI to be Aware”, “AI to Acquire” और “AI to Aspire” और शिक्षकों के लिए एक 45‑घंटे का “AI for Educators” मॉड्यूल तैयार किया गया है।
यह पहल राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) के लक्ष्यों से भी जुड़ी है, जो स्कूलों में आधुनिक विषयों जैसे AI को शामिल करने पर जोर देती है।
SOAR को Skill India Digital Hub (SIDH) पर ऑनलाइन, स्व-गति (self-paced) पाठ्यक्रम के रूप में उपलब्ध कराया गया है, जिससे देशभर में इसकी पहुंच सुनिश्चित हो सके।
फेज‑I में चार मॉड्यूल लागू किए गए—तीन छात्रों के लिए और एक शिक्षकों के लिए। ये NSQF (National Skills Qualification Framework) के अनुरूप माइक्रो‑क्रेडेंशियल्स हैं, जिन्हें आगे की शिक्षा और करियर में उपयोगी माना जा सकता है।
फेज‑II में इस पहल का विस्तार किया गया है। अब 50 से अधिक NSQF‑अनुरूप, उद्योग‑समेकित AI पाठ्यक्रम शामिल किए गए हैं, जो नौकरी, कार्यस्थल उत्पादकता और समावेशिता जैसे क्षेत्रों से जुड़े हैं।
1 जनवरी 2026 को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने “#SkillTheNation Challenge” के तहत SOAR पहल का शुभारंभ किया और Rashtrapati Bhavan Cultural Centre में उन सांसदों और छात्रों को प्रमाणपत्र भी प्रदान किए, जिन्होंने SOAR मॉड्यूल पूरे किए थे।
2 अप्रैल 2026 तक SOAR प्लेटफॉर्म पर 3.45 लाख से अधिक नामांकन और 61,000 से अधिक प्रमाणन दर्ज किए गए थे, जो इस पहल की व्यापक स्वीकार्यता को दर्शाता है।
7 दिसंबर 2025 तक, Microsoft, HCL Technologies और NASSCOM जैसे उद्योग भागीदारों के माध्यम से विभिन्न मॉड्यूल में नामांकन और प्रमाणन की संख्या इस प्रकार थी:
| प्रदाता | कोर्स | नामांकित | प्रमाणित |
|---|---|---|---|
| Microsoft | AI to be Aware | 28,154 | 3,567 |
| Microsoft | AI to Aspire | 8,084 | 1,310 |
| Microsoft | AI to Acquire | 6,359 | 780 |
| Microsoft | AI for Educators | 9,926 | 930 |
| HCL Technologies | AI to be Aware | 31,564 | 2,778 |
| HCL Technologies | AI to Aspire | 17,472 | 997 |
| HCL Technologies | AI to Acquire | 8,544 | 531 |
| HCL Technologies | AI for Educators | 7,544 | 571 |
| NASSCOM | AI to be Aware | 8,196 | 441 |
| NASSCOM | AI to Aspire | 3,195 | 98 |
| NASSCOM | AI to Acquire | 3,207 | 147 |
राज्य‑स्तर पर भी SOAR की पहुंच बढ़ रही है। उदाहरण के लिए, 3 फरवरी 2026 तक दिल्ली में कुल नामांकन 6,110 और प्रमाणन 588 थे; शिक्षकों के लिए “AI for Educators” में नामांकन 1,070 और प्रमाणन 84 थे।
SOAR पहल ने AI शिक्षा को केवल शहरी या विशेष स्कूलों तक सीमित न रखते हुए, डिजिटल माध्यम से पूरे देश में फैलाया है। यह डिजिटल विभाजन को पाटने और सभी छात्रों को AI‑सक्षम बनाने की दिशा में एक ठोस कदम है।
इसके अलावा, यह पहल Skill India Mission और Viksit Bharat 2047 जैसी राष्ट्रीय योजनाओं से भी जुड़ी है, जो भारत को तकनीकी रूप से आत्मनिर्भर और वैश्विक प्रतिस्पर्धा में अग्रणी बनाना चाहती हैं।
SOAR के अगले चरण में उद्योग‑विशिष्ट AI पाठ्यक्रमों का विस्तार, स्कूलों में AI‑लैब की स्थापना, और शिक्षकों के लिए और अधिक व्यावहारिक प्रशिक्षण शामिल हो सकता है। साथ ही, यह पहल उच्च शिक्षा और रोजगार से जुड़ी AI‑स्किल्स को मजबूत आधार दे सकती है।
SOAR पहल स्कूलों में AI शिक्षा का एक व्यापक और समावेशी ढांचा प्रस्तुत करती है। यह छात्रों और शिक्षकों को AI‑साक्षर बनाने की दिशा में एक ठोस प्रयास है। अब अगला कदम यह सुनिश्चित करना है कि यह पहल हर स्कूल, हर छात्र और हर शिक्षक तक पहुंचे—ताकि भारत का भविष्य सचमुच AI‑सक्षम और आत्मनिर्भर बने।
Updated on:
31 Jul 2026 01:32 pm
Published on:
31 Jul 2026 01:32 pm
