किसानों की समस्या को लेकर समाजवादी पार्टी ने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए राज्यपाल के नाम ज्ञापन दिया।
पीलीभीत। किसानों की समस्या को लेकर समाजवादी पार्टी ने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए राज्यपाल के नाम ज्ञापन दिया। सपा नेताओं का कहना था कि प्रदेश सरकार किसान व जनहित विरोधी है। कोई कार्य जनता के भले के लिए नहीं हो रहा है। किसान से गेहूं खरीद में भी लाभ नहीं मिल पा रहा है।
ये था मामला
पीलीभीत में अपनी आठ सूत्रीय मांगो को लेकर राज्यपाल को सम्बोधित ज्ञापन दिया। उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व राज्य राज्यमंत्री खाद्य एंव रसद हेमराज वर्मा ने इस ज्ञापन में मांग की है कि गेहूं फसल खरीद में लगातार भ्रष्टाचार की शिकायतें आ रही हैं। किसान अपना गेहूं सरकारी क्रय मूल्य से 200 रुपये कम में मण्डी में बेच रहे हैं। किसान को लूटा जा रहा है और उनपर 5 कुंतल की बाध्यता को खत्म किया जाए। उन्होने कहा कि अभी भी पीलीभीत में गन्ने की फसल खड़ी है और सरकार की उदासीनता के चलते चीनी मिले अपने मनमाने तरीके से गन्ना खरीद कर रही हैं।
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रेट बढ़ने से किसान परेशान
हेमराज वर्मा ने कहा कि लगातार हो रही डीजल पेट्रोल के दामों में वृद्धि पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि किसान के लिए डीजल बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि बिना डीजल के न तो ट्रेक्टर चलेगा और नाहीं इंजन, ऐसे में किसान महंगा डीजल खरीदेंगे, तो उनकी लागत भी बढ़ जाएगी। उन्होंने कहा कि जनपद में लगातार बाघ किसानों पर हमला कर रहे हैं और उन्हे मार रहे हैं, जिससे उनका कृषि कार्य भी प्रभावित हो रहा है। ऐसे में उनकी फसलें खराब हो रही हैं और किसान अपनी खेती छोड़ने को मजबूर हो रहा है। उत्तर प्रदेश सरकार का इस ओर कोई ध्यान नहीं है।