
पटना। बिहार विधानसभा ( Bihar Election ) चुनाव नजदीक आ चुके हैं और इसके साथ ही लोगों में अपने प्रत्याशियों की प्रोफाइल को लेकर उत्सुकता भी बढ़ती जा रही है। ऐसे में यह जानना बेहद जरूरी हो जाता है कि गरीब राज्यों की सूची में शुमार बिहार में चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों में करोड़पतियों ( Richest candidates ) की कोई कमी नहीं है। आलम यह है कि बिहार चुनाव के पहले चरण के मतदान में ताल ठोंकने वाले 1,065 उम्मीदवारों में से कम से कम 153 करोड़पति हैं।
चुनाव अधिकारियों को सौंपे गए हलफनामे के मुताबिक बिहार चुनाव में हिस्सा लेने वाले महागठबंधन के कुल उम्मीदवारों (RJD- कांग्रेस-लेफ्ट) में से 58 फीसदी करोड़पति हैं। जबकि NDA (भाजपा-जदयू-हम-वीआईपी) के बैनर तले चुनाव लड़ने वालों में 60 फीसदी संख्या करोड़पतियों की है।
इन प्रत्याशियों की संपत्ति 1 से लेकर 53 करोड़ रुपये के बीच है। तीन चरणों में होने वाले बिहार विधानसभा चुनाव में पहले चरण का मतदान आगामी 28 अक्टूबर को होना है। जबकि इसके बाद 3 नवंबर को दूसरे चरण का और 10 नवंबर को तीसरे चरण का मतदान होगा।
सबसे अमीर प्रत्याशी
बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण में पटना के मोकामा विधानसभा सीट से राष्ट्रीय जनता दल के अनंत कुमार सिंह सबसे अमीर प्रत्याशी हैं। अनंत सिंह के पास 18 करोड़ की चल संपत्ति है, जबकि अचल संपत्ति कुल 50 करोड़ से ज्यादा है। अचल की कुल संपत्ति 68.50 करोड़ रुपये से ज्यादा है ।
इसके बाद दूसरे नंबर पर शेखपुरा जिले की बरबीघा सीट ने कांग्रेस प्रत्याशी गजानंद शाही का नाम आता है। 97 लाख रुपये की चल और 60 करोड़ से ज्यादा की अचल संपत्ति के मालिक गजानंद के पास कुल संपत्ति 61 करोड़ से ज्यादा है।
लिस्ट में तीसरे नंबर पर गया जिले के अत्री निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ रहीं मनोरमा देवी का नाम आता है। जनता दल (यूनाइटेड) की ओर से खड़ीं मनोरमा देवी ने चुनाव आयोग को दिए हलफनामे में उनके पास 53 करोड़ रुपये की संपत्ति होने का दावा किया है। इनके पास 26.19 करोड़ रुपये की चल संपत्ति और 27 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति है।
शीर्ष दस उम्मीदवारों में से अधिकतम चार राजद के हैं और तीन जद (यू) से और एक कांग्रेस, एलजेपी और आरएसएलपी से हैं। एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) की रिपोर्ट के अनुसार मौजूदा बिहार विधानसभा के कुल 240 विधायकों में से 160 विधायक करोड़पति हैं।