23 जून 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

‘बंदूक दिखाता है…’, संजय राउत ने बागी सांसद संजय दीना पाटिल को दी चुनौती, कहे अपशब्द

Sanjay Raut vs Sanjay Dina Patil: संजय राउत ने कहा कि अगर संजय दीना पाटिल को शिवसेना (यूबीटी) के किसी नेता से कोई शिकायत या नाराजगी थी, तो उन्हें उद्धव ठाकरे के निवास ‘मातोश्री’ आकर बात करनी चाहिए थी, न कि इस तरह पीठ में छुरा घोपकर पार्टी छोड़नी चाहिए थी।

3 min read
Google source verification

मुंबई

image

Dinesh Dubey

Jun 23, 2026

Sanjay Raut on Sanjay Dina Patil

संजय राउत ने संजय दीना पाटिल पर लगाया बड़ा आरोप (Photo: IANS/File)

Sanjay Raut on Sanjay Dina Patil: उद्धव ठाकरे की शिवसेना (यूबीटी) छोड़कर एकनाथ शिंदे की शिवसेना में शामिल हुए मुंबई उत्तर-पूर्व से सांसद संजय दीना पाटिल और ठाकरे गुट के सांसद संजय राउत के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। शिंदे गुट में शामिल होने के बाद संजय दीना पाटिल द्वारा दिए गए आक्रामक बयान पर मंगलवार को संजय राउत ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने न सिर्फ पाटिल को खुली चुनौती दी, बल्कि उन पर करोड़ों रुपये लेकर पार्टी छोड़ने का भी गंभीर आरोप लगाया।

संजय दीना पाटिल के बयान से चढ़ा सियासी पारा

शिवसेना में शामिल होने के बाद संजय दीना पाटिल ने विरोधियों को चेतावनी देते हुए कहा था कि अगर कोई उनके या उनके परिवार पर हमले की कोशिश करेगा तो उसे अस्पताल या श्मशान तक पहुंचना पड़ सकता है। उन्होंने यह भी कहा था कि उन्हें पुलिस सुरक्षा की जरूरत नहीं है और इशारों-इशारों में गोली मारने तक की बात कही। उनके इस बयान के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में नया विवाद खड़ा हो गया।

'बंदूक मत दिखाओ, मैं यहीं हूं'

मुंबई में प्रेस कॉन्फ्रेंस में संजय राउत ने संजय दीना पाटिल के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि शिवसैनिकों को बंदूक दिखाकर डराने की कोशिश न की जाए। राउत ने कहा कि यदि किसी को कोई शिकायत थी तो उसे मातोश्री जाकर उद्धव ठाकरे के सामने रखनी चाहिए थी, न कि पार्टी छोड़ने का रास्ता अपनाना चाहिए था।  

शिंदे गुट में शामिल होने के बाद सांसद संजय दीना पाटिल ने ठाकरे गुट के शिवसैनियों को चेतावनी देते हुए बंदूक की एक्शन की थी। पाटिल ने कहा था, "अगर मेरे या मेरे परिवार की तरफ गलत नजर से देखा, या मुझसे पंगा लिया तो या तो अस्पताल जाना पड़ेगा या फिर सीधे श्मशान भूमि।"

इसका संजय राउत ने बेहद तीखे लहजे में जवाब दिया और कहा, "मैं तुमसे पंगा लेता हूं। मुझे बंदूकें मत दिखाओं। मैं यहीं भांडुप में ही रहता हूं। गद्दार आदमी, शिवसैनियों को बंदूक दिखाता है... 50 करोड़ रुपये लिए हैं न तो अब शांत बैठो, फिर बंदूक की भाषा मत करना, वरना वही बंदूक (अपशब्द)..."

50 करोड़ रुपये लेने का आरोप

राज्य सभा सांसद संजय राउत ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि उनके पास पार्टी छोड़ने वाले नेताओं के कथित आर्थिक लेन-देन की जानकारी है। उन्होंने दावा किया कि इनके (बागी सांसदों) पास 13 जून को 15 करोड़ रुपये आए। फिर 14 जून को 5 करोड़ रुपये और मिले। इसके बाद इन्होंने दिल्ली का व्हिप मानने से इनकार कर दिया और गायब हो गए। बाकी के बचे हुए 35 करोड़ रुपये यशवंतराव चव्हाण प्रतिष्ठान जाने से पहले मिल गए। मेरे पास इनकी गद्दारी का पूरा कच्चा चिट्ठा मौजूद है।

'मातोश्री पर आकर बात करनी चाहिए थी'

इससे पहले संजय दीना पाटिल ने दावा किया था कि वह टिकट मांगने नहीं गए थे और उन्हें खुद उद्धव ठाकरे ने पार्टी में बुलाया था। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए राउत ने कहा कि यदि उनका विवाद उद्धव ठाकरे से नहीं था तो उन्हें पार्टी में बने रहना चाहिए था। उन्होंने कहा कि मतभेदों को बातचीत के जरिए सुलझाया जा सकता था। न कि इस तरह पीठ में छुरा घोपकर पार्टी छोड़नी चाहिए थी।

बेटी की उम्मीदवारी को लेकर भी आरोप-प्रत्यारोप

संजय दीना पाटिल ने यह भी कहा था कि उनकी बेटी को बीएमसी चुनाव में टिकट केवल उस सीट को मनसे के पाले में जाने से रोकने के लिए दिया गया, न तो उन्होंने और न ही उनकी बेटी राजुल पाटिल ने टिकट मांगा था। इस पर जवाब देते हुए संजय राउत ने कहा कि टिकट को लेकर संजय दीना पाटिल ने दबाव बनाया गया था और टिकट न मिलने पर इस्तीफा तक देने की धमकी दी थी। और अब टिकट मिलने के बावजूद झूठ बोल रहे हैं।

बड़ी खबरें

View All

मुंबई

महाराष्ट्र न्यूज़

ट्रेंडिंग