
नई दिल्ली। बिहार में बाढ़ ( Bihar floods ) की वजह से करीब 47 लाख की आबादी प्रभावित है, जबकि पानी में डूबने से अब तक 67 लोगों की मौत हो चुकी है। भीषण तबाही के बीच सूबे के उप मुख्यमंत्री सुशील मोदी का फिल्म Super 30 देखना विपक्षी को रास नहीं आया। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के मोदी पर तीखा हमला बोला है।
RJD ने सुशील मोदी पर फोड़ा ट्विटर बम
Sushil Modi के फिल्म देखने और Hrithik Roshan से मुलाकात को लेकर आरजेडी ने सरकार पर निशाना साधा। RJD के ट्विटर हैंडल से लिखा, 'निशब्द! और बिहार का पूरा मंत्रिमंडल बुधवार रात सुशील मोदी की अगुआई में मल्टीप्लेक्स में फ्री डिनर के साथ फिल्म देख रहा था। ऊपर से मंत्री कह रहे थे- बाढ़ आई तो क्या खाना-पीना, मूवी देखना छोड़ दे। बेशर्म कहीं के!'
मोदी ने पहले ही दिन देखी फिल्म सुपर 30
दरअसल 'सुपर 30' के संस्थापक और गणितज्ञ आनंद कुमार पर बनी फिल्म 'सुपर 30' को बिहार में टैक्स फ्री कर दिया गया है। मोदी ने यह फिल्म पहले ही दिन अपनी पत्नी के साथ देखी थी। इसके बाद बिहार में सुपर 30 टैक्स फ्री कर दी गई। इसी को लेकर अभिनेता रितिक रोशन ने सुशील मोदी से मुलाकात कर धन्यवाद दिया।
रितिक से मुलाकात की तस्वीरें हुई वायरल
सुशील मोदी ने रितिक रोशन और आनंद कुमार से मुलाकात की तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर की थी। जिसके बाद यूजर्स ने भी बिहार सरकार को जमकर कोसा है।
बाढ़ से 47 लाख लोग प्रभावित
बता दें कि बिहार के 12 जिलों में नेपाल से आने वाली नदियों के पानी से बाढ़ की स्थिति भयावह बनी हुई है। 12 जिलों के 92 प्रखंडों के 831 पंचायतों में बाढ़ से हालात गंभीर हो चुके हैं, जिससे करीब 47 लाख की आबादी प्रभावित है।
बिहार में 67 लोगों की मौत
इस दौरान बाढ़ के पानी में डूबने से अब तक 67 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि हजारों घर तबाह हो चुके हैं। सबसे अधिक 47 लोगों की मौत सीतामढ़ी जिले में हुई है जबकि अररिया में 12 व मधुबनी में अब तक 11 लोगों की मौत हो चुकी है।
बाढ़ का सबसे ज्यादा असर सीतामढ़ी, मधुबनी, अररिया, किशनगंज, दरभंगा में है। प्रभावित गांवों में राहत एवं बचाव के लिए 125 मोटरबोट को तैनात किया गया है।
राहत बचाव काम जारी
एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की 26 टीमें बाढ़ प्रभावित इलाकों में तैनात हैं। आपदा प्रबंधन विभाग के प्रधान सचिव प्रत्यय अमृत ने बताया कि प्रभावित इलाकों की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। राहत और बचाव कार्य जारी हैं।
आपदा प्रबंधन विभाग के मुताबिक बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए बनाए गए 137 राहत शिविरों में 1.14 लाख लोग शरण लिए हुए हैं। 1,116 सामुदायिक रसोई चलाई जा रही हैं।