
कोलकाता। लोकसभा चुनाव के आखिरी चरण से पहले ( Lok Sabha Election ) पश्चिम बंगाल में सियासी घमासान जारी है। भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की रैली से पहले कोलकाता में भाजपा और टीएमसी आमने- सामने है। कोलकाता पुलिस पर भाजपा ने पोस्टर और होर्डिंग हटाने का आरोप लगा है। बताया जा रहा है कि पुलिस रैली स्थल पर पहुंची और भाजपा से रैली की अनुमति वाले कागज दिखाने को कहा, लेकिन पार्टी की ओर से कागज नहीं दिखाए जाने पर पुलिस ने पीएम मोदी और शाह के पोस्टर हटा दिए। हालांकि भाजपा कार्यकर्ताओं ने पोस्टर हटाने का विरोध किया। लेकिन पुलिस ने घटना स्थल से सभी पोस्टर और बैनर हटा दिए। जिसके बाद बवाल शुरू हो गया है।
विजयवर्गीय ने टीएमसी पर साधा निशाना
वहीं भाजपा के वरिष्ठ नेता और पश्चिम बंगाल के प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय ने ममता बनर्जी पर निशाना साधा है। विजयवर्गीय ने प्रशासन पर आरोप लगाया कि परिमशन मिलने के बाद भी होर्डिंग और पोस्टर हटाए गए हैं। भाजपा इसकी शिकायत चुनाव आयोग से करेगी।
ममता ने चुनाव आयोग को लिखी चिट्ठी
वहीं प्रदेश की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इस पूरे मामले को लेकर चुनाव आयोग से शिकायत की है। ममता ने आयोग से आखिरी और सातवें चरण के चुनाव में केंद्रीय सुरक्षाबलों की तैनाती की मांग की है। मुख्यमंत्री ने स्थानीय अधिकारियों को संपर्क नहीं रखने का आरोप लगाया है। ममता ने आयोग से क्विक रिस्पॉन्स टीम में स्थानीय अफसर होने की भी मांग की है।
'शाह की रैली में अड़ंगा'
जानकारी के मुताबिक, उत्तरी कोलकाता के धर्मतल्ला में अमित शाह का रोड शो है। रोड शो के बाद अमित शाह एक रैली को भी संबोधित करेंगे। इस बाबत भाजपा अध्यक्ष ने कहा था कि मंगलवार को धर्मतल्ला के शहीद मीनार मैदान से मनिकातल्ला के विवेकानंद हाउस तक रोड शो निकालेंगे। लेकिन, उससे पहले ही वहां बवाल शुरू हो गया है। भाजपा के वरिष्ठ नेता कैलाश विजयवर्गीय ने ट्वीट किया , अमित शाह जी की रैली में अड़ंगेबाजी, पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी ने भाजपा को परेशान करने के लिए प्रशासन को खुला छोड़ रखा है। अमित शाह जी की रैली में अड़चन डालने के लिए लाऊडस्पीकर को पुलिस ने मुद्दा बना लिया है। ये चुनाव आचार संहिता है या ममता सरकार की हठधर्मी?'