कांग्रेस ने पीएम से पूछा है कि अब उस लक्ष्मण रेखा का क्या, जिसका जिक्र करते हुए आतंकवाद खत्म होने तक पाकिस्तान से किसी भी तरह कोई बातचीत न होने बात कही गई थी।
नई दिल्ली। पाकिस्तान के नवनियुक्त प्रधानमंत्री इमरान खान को लिखे पत्र को लेकर कांग्रेस हमलावर हो गई है। भाजपा पर निशाना साधते हुए कांग्रेस ने पीएम नरेंद्र मोदी पर सवालों की बौछार की है। कांग्रेस ने पीएम से पूछा है कि अब उस लक्ष्मण रेखा का क्या, जिसका जिक्र करते हुए आतंकवाद खत्म होने तक पाकिस्तान से किसी भी तरह कोई बातचीत न होने बात कही गई थी। वहीं, कांग्रेस ने पंजाब सरकार में मंत्री व पूर्व क्रिकेटर नवजोत सिंह सिद्धू को पाक दौरे को मुद्दा मानने से इनकार से साफ इनकार कर दिया। कांग्रेस ने कहा कि सिद्धू पाकिस्तान में व्यक्तिगत रूप से गए थे।
मोदी ने खान को संबोधित पत्र में लिखा है कि भारत इस्लामाबाद के साथ रचनात्मक संवाद चाहता है। कांग्रेस ने मांग की है कि पाकिस्तान के साथ संवाद बहाली के बारे में चल रही कई सारी चर्चाओं को स्पष्ट करने के लिए प्रधानमंत्री को यह पत्र सार्वजनिक करना चाहिए। कांग्रेस ने कहा है कि भारत और पाकिस्तान के संबंध अत्यंत जटिल हैं। पार्टी ने जोर देकर कहा कि कि नवजोत सिंह सिद्धू कोई मुद्दा नहीं हैं। कांग्रेस प्रवक्ता मनीष तिवारी ने कहा कि असली मुद्दा भारत और पाकिस्तान के बीच रिश्ते का है, भारत-पाकिस्तान के गतिरोध का दक्षिण एशिया पर पड़ने वाले असर का और पाकिस्तान को लेकर राजग सरकार के पास कोई नीति न होने का है।
मनीष तिवारी ने कहा कि ऐसा लगता है कि तमाम लक्ष्मण रेखाओं के बावजूद संवाद बहाली की बात कही गई है। इन रेखाओं का मतलब यानी बातचीत तबतक नहीं होगी, जबतक पाकिस्तान आतंकवाद बंद नहीं कर देता, जबतक 26/11 के साजिशकर्ताओं को दंडित नहीं कर दिया जाता, जबतक लखवी को जेल में नहीं डाल दिया जाता, जबतक जमात-उद-दावा प्रमुख हाफिज सईद को कैद नहीं कर दिया जाता। उन्होंने कहा कि इस तरह सरकार की तरफ से भ्रम पैदा करने की एक ठोस कोशिश की गई है।