बीजेपी नेता ने कहा, "ये चार दिन की बात नहीं है। पिछले साढ़े तीन साल से ये चल रहा है। ये चार दिन में तो मंच पर आ गया है पूरा। नहीं तो परदे के पीछे चल रहा था और ये बात पूरा राजस्थान जानता था।"
राजस्थान कांग्रेस में मचे घमासान पर पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं बीजेपी राष्ट्रीय प्रवक्ता राज्यवर्धन सिंह राठौर ने तंज कसा है। उन्होंने कहा है कि ये सब पहले से चल रहा था अब बस ये मंच पर आ गया और इनकी षड्यन्त्र की राजनीति में राजस्थान की जनता पीस रही है।
बीजेपी नेता ने कहा, "ये चार दिन की बात नहीं है। पिछले साढ़े तीन साल से ये चल रहा है। ये चार दिन में तो मंच पर आ गया है पूरा। नहीं तो परदे के पीछे चल रहा था और ये बात पूरा राजस्थान जानता था। जिस पार्टी के अंदर लीडरशिप अपने स्वार्थ के लिए काम करता है तो पार्टी का दूसरा कार्यकर्ता क्यों नहीं अपने स्वार्थ के लिए काम करेगा।"
उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा, "खुद के लिए तो इनके कानून अलग चलते हैं, दूसरों से ये उम्मीद अलग रखते हैं। कांग्रेस पार्टी के कोड ऑफ कंडक्ट में है, ये लगातार षडयंत्र की राजनीति की है। जमाना बस बदल गया है,सेवा भाव का आ गया है, उससे ये बहुत परे हैं और यही कारण है कि इनका अस्तित्व हर राज्य से कम हो गया है।"
पूर्व केन्द्रीय मंत्री ने कहा, "कांग्रेस के DNA के अंदर है स्वार्थ और षडयंत्र तो उससे अलग क्या है वही सब चल रहा है लेकिन दुख इस बात का है की इसमें राजस्थान पीस रहा है। राजस्थान की जनता, गरीब, किसान, युवा और महिला हर तरह से पीड़ित है आज। ये बार बार बाड़े में चले जाते हैं। कितनी बार राजस्थान की सरकार बाड़े में चली जाती है। राज्य की इंटेलीजेंस भी जनता की सुरक्षा के लिए नहीं बल्कि कौन क्या किससे बात कर रहा इसके लिए इस्तेमाल की जा रही है।"
बता दें कि एक बार फिर से राजस्थान में अशोक गहलोत बनाम पायलट की लड़ाई तेज हो गई है। यहाँ अशोक गहलोत कांग्रेस के अध्यक्ष पद के लिए चुनाव लड़ने वाले थे लेकिन सीएम पद पर वो पायलट को नहीं देखना चाहते थे। इस कारण उन्होंने पार्टी को बागी तेवर दिखाये। उनके वफादार विधायकों ने सामूहिक इस्तीफा देकर कांग्रेस हाई कमान की मुश्किलें बढ़ा दीं जिसके बाद उन्हें अध्यक्ष पद की रेस से बाहर कर दिया गया। अब उनके सीएम पद पर भी तलवार लटक रही है।
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