Karnataka Political Crisis का अंत नजदीक HD kumaraswamy ने इस्तीफे से किया इनकार Rebel MLAs के इस्तीफे से खतरे में है सरकार
नई दिल्ली। कर्नाटक में कांग्रेस-जेडीएस के विधायकों की बगावत के बाद से गठबंधन सरकार खतरे में है। अब खबर है कि Karnataka political crisis का अंत नजदीक है। सीएम HD Kumaraswamy ने इस्तीफे को लेकर आई खबरों पर सफाई दी है। सीएम ने कहा कि राज्यपाल Vajubhai Vala मिलने की कोई तैयारी नहीं है।
पहले क्या थी खबर
खबर खबर आई थी कि कर्नाटक की जनता दल(सेक्यूलर) और कांग्रेस के गठबंधन की सरकार देर शाम तक गिर सकती है। सीएम कुमारस्वामी ने शाम सात बजे ही राज्यपाल Vajubhai Vala से मुलाकात के लिए समय मांगा है।
शाम सात बजे तक अगर बागी विधायकों को मनाने में दोनों दल कामयाब हुए तो कुमारस्वामी विधानसभा में बहुमत साबित करने पहुचेंगे, अगर ऐसा नहीं हुआ तो कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन की सरकार कि गिरना तय है।
शक्ति परीक्षण पर अटल स्पीकर
दरअसल, मुख्यमंत्री कुमारस्वामी ने कर्नाटक विधानसभा स्पीकर केआर रमेश कुमार से बहुमत के लिए बुधवार तक का समय मांगा था। इसपर स्पीकर ने कहा कि जैसा कि शुक्रवार को निर्णय हुआ था मैं आज (सोमवार) विश्वास मत को मतदान के लिए रखूंगा।
स्पीकर ने कहा कि सरकार को आज ही विश्वास मत प्रस्ताव पर चर्चा खत्म होने के बाद शाम तक बहुमत साबित करने के लिए शक्ति परीक्षण का सामना करना होगा।
बागियों से खतरे में पहुंची सरकार
16 बागी विधायकों, जिसमें 12 कांग्रेस और 3 जेडीएस ने सत्र में भाग नहीं लेने का फैसला किया है। वहीं अन्य दो कांग्रेस विधायक (बी.नाग्रेंद्र व श्रीमंत पाटिल) बेंगलुरू और मुंबई के निजी अस्पताल में भर्ती है। इस तरह 224 सदस्यीय विधानसभा में सहयोगियों का संख्या बल 98 होगा। इसमें विधानसभा अध्यक्ष (कांग्रेस) शामिल हैं। बीजेपी की संख्या दो निर्दलीय विधायकों के समर्थन के साथ 107 होगी, जो प्रस्ताव के विरोध में होगा।
अब अगर विधानसभा में बहुमत साबित होता है तो कांग्रेस-जेडीएस सरकार इसमें विफल हो जाएगी। वहीं सबसे बड़ी पार्टी होने के नाते बीजेपी को कर्नाटक में सरकार बनाने का मौका मिलेगा।