
नई दिल्ली। बजट सत्र 2019 की पूर्व संध्या पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) बुधवार को विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रमुखों की बैठक की अध्यक्षता करेंगे। सर्वदलीय बैठक तीन बजे से शुरू होगी। बैठक में बजट सत्र के दौरान लोकसभा और राज्यसभा का बेहतर तरीके से संचालन और विभिन्न मुद्दों पर सत्ताधारी पार्टी और विपक्ष के बीच तालमेल को लेकर चर्चा होगी। एक राष्ट्र, एक चुनाव (One Nation One Election) के मुद्दे पर सर्वदलीय बैठक में विशेष रूप से चर्चा हो सकती है।
इन दलों के नेताओं ने बनाई दूरी
पीएम मोदी की अध्यक्षता में होने वाली बैठक में तृणमूल कांग्रेस प्रमुख और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी शामिल नहीं होंगी। उन्होंने संसदीय कार्यमंत्री प्रहलाद जोशी को इस बैठक में शामिल होने की असमर्थता जताते हुए पत्र लिखकर पहले ही सूचित कर दिया है।
इस अहम बैठक में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बाद बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) की सुप्रीमो मायावती, दिल्ली के मुख्यमंत्री और आप प्रमुख अरविंद केजरीवाल, तेलुगू देशम पार्टी (टीडीपी) के प्रमुख चंद्रबाबू नायडू और डीएमके अध्यक्ष एमके स्टालिन ने भी बैठक में नहीं शामिल होने का निर्णय लिया है। हालांकि, कुछ नेता बैठक में अपने प्रतिनिधियों को भेजेंगे।
एक राष्ट्र, एक चुनाव
बुधवार को सर्वदलीय बैठक में केंद्र सरकार एक राष्ट्र, एक चुनाव के मुद्दे पर विपक्षी दलों के साथ राय मशविरा भी करेंगे। बता दें कि इस मुद्दे को भाजपा पहले से ही जोर-शोर से उठाती रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कई बार सार्वजनिक मंचों से इस मुद्दे को उठा चुके हैं। बैठक में 2022 में आजादी के 75वें वर्ष के जश्न, महात्मा गांधी के इस साल 150वें जयंती वर्ष को मनाने समेत कई मामलों पर चर्चा की जाएगी।
पीएम डिनर पर मिलेंगे सांसदों से
संसदीय कार्यमंत्री ने नरेंद्र सिंह तोमर के मुताबिक बुधवार को प्रधानमंत्री मोदी लोकसभा और राज्यसभा के सभी सदस्यों को डिनर पर भी मिलेंगे। इसके लिए सभी सांसदों को आमंत्रित किया गया है। प्रधानमंत्री सांसदों के साथ सभी मुद्दों पर खुलकर बातचीत करना चाहते हैं।
कब-कब हुए एक साथ चुनाव
- 1952 में लोकसभा और विधानसभाओं के पहले चुनाव एक साथ कराए गए।
- वर्ष 1957, 1962, 1967 के दौरान यही प्रक्रिया जारी रही।