किसानों की दुर्दशा के बीच केंद्र की कृषि नीति को लेकर राहुल गांधी सख्त नाराज। कृषि कानूनों पर किसानों की चिंता करने वालों पर मोदी सरकार की नजर है। पीएम मोदी ने कहा - दशकों बाद किसानों को बिचौलयों से मुक्ति मिली।
नई दिल्ली। कृषि से संबंधित बिल लोकसभा और राज्यसभा से पास होने के बाद सत्ताधारी पार्टी और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला चरम पर पहुंच गया है। इस बीच राहुल गांधी ( Rahul Gandhi ) ने अपने नए ट्विट में एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तंज कसते हुए केंद्र की कृषि नीति की सख्त आलोचना की है।
किसानों की चिंता करने वालों पर मोदी की नजर
राहुल गांधी ने अपने ताजा ट्विट में नाम लिए बगैर पीएम मोदी पर हमलावार रुख अख्तियार करते हुए कहा है कि लोकतांत्रिक भारत का संदेश जारी है। पहले सरकार ने किसारों की दुर्दशा पर मौन साधा। जब हालात नियंत्रण से बाहर होने लगे तो कृषि बिल का विरोध करने वाले सांसदों को निलंबित कर सदन से बाहर निकलवा दिया। केंद्र सरकार की वर्तमान में एक ही चिंता है। काले कृषि कानूनों पर किसानों की चिंता करने वालों पर नजर रखना।
उन्होंने कहा कि वर्तमान केंद्र सरकार सर्वज्ञ सरकार है। इस सरकार के अंतहीन अहंकार ने देश को विकट स्थिति में ला खड़ा किया है। मोदी सरकार की सोच का ही परिणाम है कि इसने पूरे देश देश के लिए आर्थिक संकट ला दिया है। देश की जनता इन सभी झंझावातों को सहने के लिए मजबूर है। बता दें कि रविवार को राहुल गांधी ने कृषि बिलों को काला कानून बताया था।
पीएम मोदी का बयान
रविवार को राज्यसभा से कृषि बिल पारित होने के तत्काल बाद पीएम मोदी ने ट्वीट कर किसानों को बधाई दी थी। अपने ट्विट में उन्होंने कहा था कि किसानों को बिचौलियों से अब आजादी मिल गई है।
आज का दिन भारत के कृषि इतिहास में एक ऐतिहासिक दिन है। यह बिल देश के मेहनती किसानों को कृषि क्षेत्र में संपूर्ण परिवर्तन के साथ उन्हें सशक्त बनाएंगे। दशकों से किसान भाई-बहन बिचौलियों के मकड़जाल में फंसे हुए थे। संसद में पारित विधेयकों की वजह से हमारे अन्नदाताओं को इनसे आजादी मिल गई है। इससे किसानों की आय दोगुनी करने के प्रयासों को बल मिलेगा।