दिल्ली में एक बार फिस सियासत गर्मा रही है। दरअसल एमसीडी चुनाव को लेकर आम आदमी पार्टी के संयोजक और दिल्ली सीएम अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal ) ने चुनाव टालने को लेकर बीजेपी पर आरोप लगाया तो वहीं केंद्रीय मंत्री और बीजेपी नेता स्मृति ईरानी ने भी पलटवार किया है।
दिल्ली में नगर निगम चुनाव ( MCD Election ) को लेकर सियासी दलों के बीच जुबानी जंग शुरू हो गई है। शुक्रवार को आम आदमी पार्टी संयोजक और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ( Arvind Kejriwal )ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बीजेपी पर चुनाव आयोग के गलत इस्तेमाल का आरोप लगाया। केजरीवाल की पीसी के कुछ देर बाद ही बीजेपी की ओर से भी पलटवार आया। केंद्रीय मंत्री और बीजेपी नेता स्मृति ईरानी ( Smriti Irani ) ने केजरीवाल उस बयान पर पलटवार किया है जिसमें उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग ने केंद्र के दबाव में एमसीडी के चुनाव टालने की घोषणा कर दी है।
स्मृति ईरानी ने लगाई सवालों की झड़ी
केजरीवाल के आरोप के बाद बीजेपी नेता स्मृति ईरानी ने भी सवालों की झड़ी लगा दी। उन्होंने केजरीवाल से सवाल किया है कि आखिर सात साल एमसीडी का फंड क्यों रोका? पार्कों, अस्पतालों और कम्युनिटी सेंटर का पैसा क्यों रोका?
यह भी पढ़ें - अरविंद केजरीवाल ने उठाए सवाल, आखिरी मौके पर क्यों टाले गए MCD चुनाव? आप के प्रदर्शन से डर गई BJP
एससीडी सुधार को केजरीवाल ने मंजूरी क्यों नहीं दी? एमसीडी को 13 हजार करोड़ रुपए से वंचित क्यों रखा?
केजरीवाल पर लगाए आरोप
स्मृति ईरानी ने केजरीवाल पर आरोप लगाया है कि उन्होंने विकास कार्यों का पैसा जानबूझकर रोका। इतना ही नहीं दिल्ली की सरकार ने एमसीडी के सफाईकर्मियों तक का पैसा भी रोक दिया।
क्या बोले अरविंद केजरीवाल
इससे पहले अरविंद केजरीवाल ने कहा कि, केंद्र के कहने पर चुनाव आयोग ने आखिरी वक्त पर एमसीडी के चुनाव टाल दिए हैं। केजरीवाल ने कहा कि शायद देश के 75 सालों के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ होगा कि केंद्र सरकार ने सीधे किसी राज्य के चुनाव आयोग को चुनाव टालने के लिए कहा होगा।
यही नहीं इसके साथ ही केजरीवाल ने पीएम मोदी से अपील करते हुए कहा कि, ऐसा ना करें एमसीडी के चुनाव ना टालें। बता दें कि चुनाव आयोग ने 9 मार्च को एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर रहा था कि आज शाम को चुनाव की तारीखों का ऐलान होगा, लेकिन इसके बाद कहा गया कि केंद्र सरकार तीनों एमसीडी को एक करने का मन बना रही है। इस वजह से चुनाव तारीखों का ऐलान रोक दिया गया है।
यह भी पढ़ें - BJP की जीत पर बोले प्रशांत किशोर, 2024 में होगी भारत की असली लड़ाई, राज्यों के नतीजों पर न जाएं