
Rajasthan Train : उत्तर-पश्चिम रेलवे के अजमेर मंडल के तहत मेवाड़ और जनजाति बाहुल्य प्रतापगढ़ जिले के लिए बड़ी खुशखबरी है। बड़ीसादड़ी से जलोदा जागीर स्टेशनों के बीच नवनिर्मित 13.77 किलोमीटर लंबे ब्रॉडगेज सिंगल लाइन सेक्शन पर यात्री और मालगाड़ियों के नियमित संचालन को आधिकारिक मंजूरी मिल गई है। रेल संरक्षा आयुक्त ई. श्रीनिवास की ओर से दी गई इस स्वीकृति के बाद अब प्रतापगढ़ जिले में पहली बार ट्रेन चलने का मार्ग प्रशस्त हो गया है।
वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक मिहिर देव ने बताया कि यह खंड बड़ीसादड़ी से नीमच नई रेल लाइन परियोजना का बेहद महत्वपूर्ण हिस्सा है। हाल ही में इस रूट पर मोटर ट्रॉली और इलेक्ट्रिक इंजन से 120 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से सफल स्पीड ट्रायल किया गया था, जिसमें ट्रैक पूरी तरह सुरक्षित पाया गया।
सीआरएस के निर्देशों के अनुसार, शुरुआती चरण में मुख्य लाइन पर यात्री और मालगाड़ियों के लिए अधिकतम गति 90 किलोमीटर प्रति घंटा तय की गई है, जबकि लूप लाइनों पर यह 15 किमी प्रति घंटा रहेगी। आवश्यक तकनीकी सुधार और सुरक्षा मानकों को और पुख्ता करने के बाद मुख्य लाइन पर स्पीड बढ़ाकर 110 किमी और लूप लाइनों पर 30 किमी प्रति घंटा की जा सकेगी।
रेलवे प्रशासन नागरिक सुरक्षा, सिग्नलिंग और इलेक्ट्रिकल से जुड़े अंतिम तकनीकी सुधारों को पूरा कर जल्द ही इस रूट पर वाणिज्यिक सेवाएं (ट्रेनों का संचालन) शुरू करेगा। मानसून को देखते हुए कटिंग वाले स्थानों पर विशेष पेट्रोलिंग के निर्देश भी दिए गए हैं।
मंडल रेल प्रबंधक राजू भूतड़ा ने कहा कि इस नए रेल मार्ग से क्षेत्र के यात्रियों को तीव्र परिवहन सुविधा मिलेगी और मालगाड़ियों के संचालन से स्थानीय व्यापार व उद्योगों को गति मिलेगी। इधर, वर्ष 1930 से अधूरी पड़ी इस परियोजना के साकार होने पर हर्ष जताते हुए रेल संघर्ष समिति (मेवाड़) के अध्यक्ष डॉ. विमल नागोरी ने केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और सांसद सी.पी. जोशी का आभार जताया है।
समिति ने मांग की है कि आमजन की सुविधा के लिए जलोदा से बड़ीसादड़ी-मावली होकर जल्द से जल्द यात्री गाड़ी का संचालन शुरू किया जाए, ताकि लोगों को तीर्थ स्थलों तक आने-जाने की सुविधा मिल सके और रेलवे को भी राजस्व मिलना शुरू हो।